लखनऊ। बुधवार इंदिरा नगर में घर में घुसकर लूट के दौरान विरोध करने पर परिवार के सदस्यों को घायल करने के मामले में वांछित चल रहे अपराधी फिरोज उर्फ इम्तियाज उर्फ बाबर उर्फ माथू को एसटीएफ ने मंगलवार को बाराबंकी से गिरफ्तार कर लिया।
आरोपित के खिलाफ लखनऊ समेत बाराबंकी, हरदोई और संतकबीरनगर में करीब 15 से ज्यादा मुकदमे दर्ज हैं। इनमें हत्या, लूट, चोरी, आर्म्स एक्ट और गैंगस्टर एक्ट के मामले शामिल हैं। अपर पुलिस अधीक्षक दीपक कुमार सिंह ने बताया कि आरोपी इंदिरा नगर थाने में दर्ज मुकदमे में वांछित था। उसके बाराबंकी के पल्हरी चौराहे के पास मौजूद होने की सूचना मिली थी। एएसपी ने बताया कि पूछताछ में फिरोज ने बताया कि करीब तीन माह पहले ही वह जेल से बाहर आया था। आरोपित के मुताबिक, 24 जुलाई 2025 की रात वह अपने साथियों के साथ इंदिरानगर के अमराही गांव में एक घर में घुसा था।
चोरी के दौरान घरवालों ने विरोध किया तो आरोपियों ने उन्हें घायल कर दिया और फरार हो गए। इस मामले में इंदिरा नगर थाने में फिरोज और उसके साथियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज हुआ था। पुलिस की लगातार दबिश के बाद सभी आरोपी अलग-अलग स्थानों पर छिपकर रह रहे थे। फिरोज ने पूछताछ में वर्ष 2015 की एक हत्या की घटना में शामिल होने की बात भी बताई। उसके मुताबिक, ब्लाक प्रमुख चुनाव की रंजिश में उसने अपने साथियों सुरेंद्र रावत, रामू, रज्जो और राजू के साथ मिलकर रामनगर पुरवा निवासी राम बहादुर सिंह के बेटे दुर्गेश की हत्या की थी। इस मामले में इंदिरा नगर थाने में मुकदमा दर्ज हुआ था और वह जेल गया था।
एसटीएफ के अनुसार, आरोपी के खिलाफ वर्ष 2013 से 2023 तक चोरी, लूट, हत्या, हत्या की साजिश, आर्म्स एक्ट और गैंगस्टर एक्ट समेत करीब 23 मुकदमे दर्ज हैं। इनमें रामसनेहीघाट, मोहम्मदपुर खाला, जैदपुर, देवा, फतेहपुर और कोठी समेत कई थानों के मामले शामिल हैं। संतकबीरनगर और हरदोई में भी उसके खिलाफ चोरी व गैंगस्टर एक्ट के मुकदमे दर्ज हैं। पूछताछ में फिरोज ने घटना में शामिल दरबारी उर्फ ननकुन्ना का नाम भी बताया। एसटीएफ ने उसकी तलाश में दबिश दी, लेकिन वह नहीं मिला। उसकी गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे हैं। गिरफ्तार आरोपी को इंदिरा नगर थाने में दर्ज मुकदमे में दाखिल कर दिया गया है। आगे की कार्रवाई स्थानीय पुलिस कर रही है।