निवेश के नाम पर करोड़ों रुपये की धोखाधड़ी करने वाले गिरोह की लगभग ₹1 करोड़ मूल्य की संपत्ति कुर्क
जनपद की प्रथम एवं सबसे बड़ी संपत्ति कुर्की की कार्रवाई
संत कबीर नगर, पुलिस अधीक्षक संतकबीरनगर संदीप कुमार मीना* के निर्देशन में थाना साइबर क्राइम पुलिस द्वारा शेयर मार्केट में निवेश के नाम पर करोड़ों रुपये की धोखाधड़ी करने वाले गिरोह के विरुद्ध प्रभावी विवेचना एवं विधिक कार्रवाई करते हुए विवेचना के क्रम में मुख्य अभियुक्तगण 01. धनंजय शुक्ला पुत्र विपिन बिहारी शुक्ला निवासी मुंडेरा उपाध्याय थाना हाटा जनपद कुशीनगर एवं 02. रजनी प्रजापति पुत्री खेमकरन प्रजापति निवासी पुलिस लाइन बिलासपुर छत्तीसगढ़ के स्वामित्व वाली प्लॉट संख्या-61 जेबी वैली गार्डन थाना पारा जनपद लखनऊ स्थित संपत्ति के सम्बन्ध में धारा 107 बीएनएसएस के अंतर्गत नियमानुसार कुर्क की कार्यवाही की गई । उक्त संपत्ति अभियुक्तों द्वारा लगभग ₹65 लाख में क्रय की गई थी, जिसकी वर्तमान अनुमानित बाजार कीमत लगभग ₹1 करोड़ है । न्यायालय के आदेश के अनुपालन में उक्त संपत्ति को जब्त/कुर्क कराया जा चुका है । साथ ही अन्य सह-अभियुक्तों की अवैध रूप से अर्जित संपत्तियों के विरुद्ध भी विधिक कार्रवाई की जा रही है ।
*प्रकरण का विवरणः-* दिनाँक 18.10.2025 को थाना महुली पर वादी संतलाल मौर्य निवासी ग्राम हटवा थाना महुली जनपद संतकबीरनगर द्वारा प्रार्थना पत्र देकर अवगत कराया गया कि TVS Solution Company के संचालक 01. धनंजय शुक्ला निवासी मुंडेरा उपाध्याय थाना हाटा जनपद कुशीनगर तथा उनकी सहयोगी 02. रजनी प्रजापति निवासी पुलिस लाइन बिलासपुर (छत्तीसगढ़) द्वारा शेयर मार्केट में निवेश के नाम पर उनसे ₹51,00,000/- की धनराशि प्राप्त की गई । निवेश अवधि पूर्ण होने के उपरांत अभियुक्तगण अपना कार्यालय बंद कर मोबाइल फोन स्विच ऑफ कर फरार हो गए तथा निवेश की गई धनराशि वापस नहीं की । विवेचना के दौरान प्राप्त बैंक अभिलेखों, इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों, डिजिटल डाटा एवं अन्य दस्तावेजों के गहन विश्लेषण से यह तथ्य प्रकाश में आया कि उक्त कंपनी द्वारा विभिन्न जनपदों के अनेक निवेशकों से लगभग ₹15 से ₹20 करोड़ की धनराशि निवेश के नाम पर एकत्रित की गई थी । जांच में यह भी स्पष्ट हुआ कि निवेशकों से प्राप्त धनराशि को शेयर मार्केट में निवेश नहीं किया जाता था, बल्कि Ponzi/Pyramid Pattern के तहत नए निवेशकों से प्राप्त धनराशि से पुराने निवेशकों को भुगतान कर निवेश का भ्रम बनाए रखा जाता था । इस प्रकार लोगों को अधिक लाभ का प्रलोभन देकर लगातार नए निवेशक जोड़े जाते रहे और उनसे प्राप्त धनराशि का दुरुपयोग किया जाता रहा । विवेचना के दौरान अनेक अन्य पीड़ितों द्वारा भी पुलिस अधीक्षक कार्यालय एवं थाना महुली पर अपनी शिकायतें प्रस्तुत की गईं, जिन्हें विवेचना में सम्मिलित करते हुए समस्त अभिलेखों एवं साक्ष्यों का परीक्षण किया गया । साक्ष्यों के आधार पर विवेचना के दौरान मुख्य संचालक धनंजय शुक्ला,रजनी प्रजापति एवं संजय कुमार के अतिरिक्त उनके चार अन्य सहयोगियों की संलिप्तता भी प्रकाश में आई । जांच में यह भी प्रमाणित हुआ कि निवेशकों से प्राप्त धनराशि का उपयोग अभियुक्तों द्वारा मकान, प्लॉट, भूमि एवं अन्य अचल संपत्तियां खरीदने में किया गया ।
ये खबर भी पढ़े : महिला की नहर में डूबकर हुई मौत के मामले में ससुरालियाें पर दहेज हत्या का मुकदमा दर्ज*अभियोग में गिरफ्तार अभियुक्तगण का विवरणः-* अभियोग में अभियुक्तगण 01. धनन्जय शुक्ला पुत्र विपिन बिहारी शुक्ला निवासी मुण्डेरा उपाध्याय थाना हाटा जनपद कुशीनगर 02. रजनी प्रजापति पुत्री खेमकरन प्रजापति निवासी पुलिस लाइन जनपद बिलासपुर छत्तीसगढ़, वर्तमान पता प्लाट नं0 61 जेबी गार्डन बेली थाना पारा जनपद लखनऊ को दिनाँक 18.05.2026 को तथा 03. विक्रांत प्रकाश सिंह पुत्र विद्या प्रकाश सिंह निवासी ग्राम गायघाट थाना महुली, जनपद संतकबीरनगर 04. सत्यप्रकाश यादव पुत्र रामलालित यादव निवासी ग्राम चंद्रहर थाना महुली, जनपद संतकबीरनगर को दिनाँक 06.07.2026 को गिरफ्तार कर न्यायालय रवाना किया गया था ।
*सह-अभियुक्त की ₹4 करोड़ मूल्य की संपत्ति पर भी कार्रवाई-*
विवेचना में सह-अभियुक्त विक्रांत प्रकाश सिंह की लगभग ₹4 करोड़ मूल्य की संपत्ति चिन्हित की गई है। उक्त संपत्ति की जब्ती/कुर्की के लिए धारा 107 बीएनएसएस के अंतर्गत रिपोर्ट माननीय न्यायालय में प्रेषित की जा चुकी है, जो वर्तमान में विचाराधीन है।
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लेखक के बारे में
पत्रकारिता में पाँच वर्षों का अनुभव रखने वाले दयानिधि त्रिपाठी वर्तमान में ‘तरुणमित्र’ के संत कबीर नगर ब्यूरो चीफ के रूप में कार्यरत हैं। क्षेत्रीय मुद्दों पर ज़मीनी पकड़ और तथ्यपरक कवरेज के साथ वह लगातार रिपोर्टिंग कर रहे हैं।
