ग्राम पंचायतों में कार्यकाल खत्म होने से पहले हुए भारी भुगतान जांच के घेरे में, सीडीओ अभिषेक कुमार ने कसा शिकंजा
05 लाख के चबूतरा निर्माण पर संदेह, सीडीओ ने दिए तकनीकी जांच के आदेश,ग्राम पंचायत अधिकारी को नोटिस, रोका वेतन,मई माह के भारी भुगतान जांच के घेरे में, सीडीओ अभिषेक कुमार की रडार पर कई पंचायतें
विजयपाल सिंह
लखीमपुर खीरी, 05 जून। ग्राम प्रधानों के कार्यकाल समाप्त होने से ठीक पहले हुए पंचायतों के भारी-भरकम भुगतान अब जांच के घेरे में हैं। सीडीओ अभिषेक कुमार ने मई माह के भुगतान की समीक्षा के बाद कई ग्राम पंचायतों को रडार पर ले लिया है। इसी कड़ी में उन्होंने ब्लॉक लखीमपुर की ग्राम पंचायत मनिकापुर में औचक निरीक्षण कर व्यवस्थाओं की पोल खोल दी।
निरीक्षण के दौरान गांव की हालत देखकर सीडीओ खुद सख्त नजर आए। जगह-जगह फैली गंदगी, बदहाल जल निकासी व्यवस्था और महीनों से निष्क्रिय पड़ी पाइपलाइन ने विकास कार्यों की हकीकत बयां कर दी। टंकी कनेक्शन न मिलने पर संबंधित विभाग को कड़ी फटकार भी लगाई गई।
इसी बीच करीब पांच लाख रुपये की लागत से बने चबूतरे पर भी सवाल खड़े हो गए। कार्य की गुणवत्ता और वास्तविकता पर संदेह जताते हुए सीडीओ ने तकनीकी टीम से पुनः माप और जांच कराने के निर्देश दिए। दो दिन में विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा गया है।
निरीक्षण के दौरान ग्राम पंचायत अधिकारी हिमांशु वाजपेई को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है, साथ ही जांच पूरी होने तक उनका वेतन रोकने के निर्देश दिए गए हैं। यदि अनियमितता सिद्ध होती है तो निलंबन तय माना जा रहा है।
सीडीओ अभिषेक कुमार ने कहा कि पंचायतों में हुए कार्यों और भुगतानों की जांच का अभियान लगातार जारी रहेगा। सरकारी धन के दुरुपयोग और गुणवत्ता से समझौता करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
संबंधित खबरें
लेखक के बारे में
पिछले एक दशक से पत्रकारिता में सक्रिय देवांश सिंह खबरों की तेज़ समझ और ज़मीनी पकड़ के लिए जाने जाते हैं। रिपोर्टिंग और समाचार लेखन के क्षेत्र में उन्होंने निरंतर काम किया है। वर्तमान में वह ‘तरुणमित्र’ से जुड़े हुए हैं।
