मध्य प्रदेश बना नये वक्फ बोर्ड का पुनर्गठन करने वाला देश का पहला राज्य
- मुख्यमंत्री डॉ यादव ने किया वक्फ बोर्ड का पुनर्गठन, नव गठित वक्फ बोर्ड में 2 हिन्दू सदस्य भी शामिल
भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव द्वारा लिये गए महत्वपूर्ण निर्णय के तहत मध्य प्रदेश में नये वक्फ बोर्ड का पुनर्गठन किया गया है। इस संबंध में मध्य प्रदेश राजपत्र में अधिसूचना भी जारी कर दी गई है। इसके साथ ही मध्य प्रदेश नए अधिनियम के तहत वक्फ बोर्ड का पुनर्गठन करने वाला देश का पहला राज्य बन गया है।
जनसम्पर्क अधिकारी पंकज मित्तल ने जानकारी देते हुए बताया कि नवगठित मप्र वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष सनवर पटेल होंगे। वक्फ बोर्ड में कुल 10 सदस्य बनाये गए है, जिनमें दो हिन्दू सदस्य मनोज मालपानी और अनिमेश भार्गव को भी शामिल किया गया है।
ये खबर भी पढ़े : मप्र में ईडी की 356 करोड़ के बैंक धोखाधड़ी मामले में बड़ी कार्रवाई, 35.52 करोड़ की संपत्ति अटैचउन्होंने बताया कि राज्य शासन ने वक्फ अधिनियम-1995 (संशोधित-2025) की धारा-13 (1) द्वारा प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए, अधिनियम की धारा-14 में उल्लेखित प्रावधान अनुसार वक्फ बोर्ड का गठन किया है। नये वक्फ बोर्ड में नजमा हेपतुल्ला नई दिल्ली, भोपाल उत्तर के विधाक आतिफ अकील, फैजान खान उज्जैन, फातेमा चौधरी इंदौर, भोपाल वैरसिया से पार्षद शाइस्ता सुल्तान, रतलाम से पार्षद शबाना खान, मनोज मालपानी इंदौर, अनिमेश भार्गव राघौगढ़ गुना और पिछड़ा वर्ग तथा अल्पसंख्यक कल्याण आयुक्त को सदस्य बनाया गया है।
नजमा हेपतुल्ला, वक्फ अधिनियम, 1995 (यथा संशोधित, 2013) की धारा 14 के अंतर्गत 19.04.2023 की अधिसूचना द्वारा निर्वाचित श्रेणी से नियुक्त सदस्य हैं। इनका कार्यकाल 18.04.2028 तक प्रभावी है अत: इनका नाम नवीन अधिसूचना में शेष कार्यकाल के लिये सम्मिलित किया गया है।
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पत्रकारिता में 17 वर्षों से अधिक का अनुभव रखने वाले शिशिर पटेल वर्तमान में ‘तरुणमित्र’ में पोर्टल इंचार्ज के रूप में कार्यरत हैं। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत ‘स्वतंत्र भारत’ से की और इसके बाद हिंदुस्तान तथा दैनिक जागरण जैसे प्रमुख समाचार पत्रों में ब्यूरो चीफ के रूप में काम किया। उत्तर प्रदेश में आधारित रहते हुए उन्हें समाचार संचालन, संपादन और डिजिटल मैनेजमेंट का व्यापक अनुभव है।
