कौशांबी पटाखा फैक्ट्री विस्फोट में बड़ी कार्रवाई, इंस्पेक्टर समेत सात पुलिसकर्मी निलंबित
अवैध पटाखा निर्माण और भंडारण के आरोपी पर प्रभावी कार्रवाई न करने का आरोप, IG अजय मिश्र ने की कार्रवाई
प्रयागराज। उत्तर प्रदेश के प्रयागराज और कौशाम्बी के पिपरी थाना क्षेत्र के चिल्ला शहबाजी गांव एवं मोहम्मदपुर में अवैध पटाखा निर्माण एवं भंडारण के दौरान हुए भीषण विस्फोट के मामले में पुलिस विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है।पुलिस महानिरीक्षक प्रयागराज परिक्षेत्र अजय मिश्र ने बताया कि पिपरी थाने और चौकी चायल में तैनात रहे एक निरीक्षक समेत सात पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया है। इन पुलिसकर्मियों पर अवैध पटाखा निर्माण और भंडारण के आरोपित के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई नहीं करने का आरोप है।
इस विस्फोट में 11 लोगों की मौत हो गई थी
31 अगस्त को हुए इस विस्फोट में 11 लोगों की मौत और पांच लोगों के गंभीर रूप से घायल होने की घटना के बाद पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठे थे। जांच में सामने आया कि पटाखा निर्माण और भंडारण के आरोपित के खिलाफ पूर्व में भी कार्रवाई की गई थी। इसके बावजूद उसके द्वारा दोबारा अवैध रूप से पटाखा निर्माण एवं भंडारण किया जा रहा था।
पूर्व में भी आरोपी के खिलाफ दर्ज हुआ था मुकदमा
पुलिस के अनुसार पटाखा निर्माण एवं भंडारण के मामले में आरोपित नौशाद अली पुत्र निजामुद्दीन निवासी मोहम्मदपुर मनौरी, थाना पिपरी के खिलाफ पहले भी कार्रवाई हो चुकी थी। आरोपित को पूर्व में अनियमितता के कारण अप्रैल 2024 में निलंबित किया गया था। इसके बाद अक्टूबर 2024 में अवैध पटाखा कारखाना चलाने के संबंध में उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उसे जेल भेजा गया था।पुलिस के मुताबिक जेल से बाहर आने के बाद आरोपित ने फिर से अवैध रूप से पटाखा निर्माण और भंडारण शुरू कर दिया। 31 अगस्त को इसी कारखाने में हुए विस्फोट में 11 लोगों की जान चली गई और पांच लोग गंभीर रूप से घायल हुए।
इन पुलिसकर्मियों पर हुई कार्रवाई
आईजी रेंज की कार्रवाई में निरीक्षक शिवचरण राम, तत्कालीन थाना प्रभारी पिपरी और वर्तमान में प्रभारी निरीक्षक साइबर थाना कौशांबी को निलंबित किया गया है। इसके अलावा उपनिरीक्षक विकास सिंह, उपनिरीक्षक विनय सिंह, उपनिरीक्षक अजीत कुमार सिंह, उपनिरीक्षक अभिषेक गुप्ता, उपनिरीक्षक मनीष पाल और उपनिरीक्षक अमित द्विवेदी को भी निलंबित किया गया है।इनमें तत्कालीन थाना प्रभारी पिपरी तथा चौकी चायल के प्रभारी समेत उन पुलिसकर्मियों को शामिल किया गया है जो घटना से पहले संबंधित क्षेत्र में तैनात थे।
आईजी ने कहा, लापरवाही बर्दाश्त नहीं
आईजी रेंज प्रयागराज अजय मिश्र ने कार्रवाई करते हुए स्पष्ट किया कि अवैध गतिविधियों के संबंध में पुलिसकर्मियों की जिम्मेदारी तय की जाएगी। उन्होंने कहा कि इतनी गंभीर घटना में किसी भी स्तर की लापरवाही को नजरअंदाज नहीं किया जाएगा और दोषी पाए जाने वाले पुलिसकर्मियों के खिलाफ नियमानुसार कठोर कार्रवाई की जाएगी।
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पत्रकारिता में 17 वर्षों से अधिक का अनुभव रखने वाले शिशिर पटेल वर्तमान में ‘तरुणमित्र’ में पोर्टल इंचार्ज के रूप में कार्यरत हैं। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत ‘स्वतंत्र भारत’ से की और इसके बाद हिंदुस्तान तथा दैनिक जागरण जैसे प्रमुख समाचार पत्रों में ब्यूरो चीफ के रूप में काम किया। उत्तर प्रदेश में आधारित रहते हुए उन्हें समाचार संचालन, संपादन और डिजिटल मैनेजमेंट का व्यापक अनुभव है।
