जनेश्वर मिश्र ने जीवनभर समाजवादी आंदोलन को आगे बढ़ाया : अखिलेश
आज देश और प्रदेश में सामाजिक असमानता, महंगाई, बेरोजगारी तथा किसानों और युवाओं से जुड़े सवाल महत्वपूर्ण
जनेश्वर मिश्र ने जीवनभर समाजवादी सिद्धांतों को अपने आचरण में उतारा
लखनऊ। समाजवादी पार्टी (सपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने बुधवार को समाजवादी चिंतक और पार्टी के वरिष्ठ नेता रहे जनेश्वर मिश्र की जयंती पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने कहा कि जनेश्वर मिश्र ने अपना पूरा जीवन समाजवादी विचारधारा, सामाजिक न्याय और जनहित के लिए संघर्ष करते हुए बिताया। उनके विचार और संघर्ष आज भी समाजवादी आंदोलन के लिए प्रेरणा का स्रोत हैं। वे पार्टी मुख्यालय में आयोजित जनेश्वर मिश्र की जयंती पर आयोजित प्रबुद्ध वर्ग कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे।
अखिलेश यादव ने कहा कि जनेश्वर मिश्र ने जीवनभर समाजवादी सिद्धांतों को अपने आचरण में उतारा। उन्होंने सादगी को अपनी पहचान बनाया और हमेशा गरीब, किसान, मजदूर, पिछड़े तथा वंचित वर्गों की आवाज उठाई। उनका मानना था कि समाज में समानता और सामाजिक न्याय के बिना लोकतंत्र मजबूत नहीं हो सकता।
सपा अध्यक्ष ने कहा कि जनेश्वर मिश्र ने समाजवादी आंदोलन को मजबूत करने के साथ ही नई पीढ़ी को भी सामाजिक सरोकारों से जोड़ने का काम किया। उन्होंने संघर्ष के रास्ते को प्राथमिकता दी और सत्ता से अधिक जनता के हितों को महत्व दिया। उनके राजनीतिक जीवन में त्याग, सादगी और सिद्धांतों की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
उन्होंने कहा कि आज देश और प्रदेश में सामाजिक असमानता, महंगाई, बेरोजगारी तथा किसानों और युवाओं से जुड़े सवाल महत्वपूर्ण हैं। ऐसे समय में जनेश्वर मिश्र के विचार और उनका संघर्ष समाजवादी कार्यकर्ताओं को नई दिशा देने का काम करते हैं।
अखिलेश यादव ने कहा कि समाजवादी पार्टी जनेश्वर मिश्र के विचारों और उनके बताए रास्ते पर चलकर सामाजिक न्याय और लोकतांत्रिक मूल्यों की लड़ाई को आगे बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि जनेश्वर मिश्र का योगदान समाजवादी आंदोलन के इतिहास में हमेशा याद किया जाएगा।इस अवसर पर पार्टी के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने भी जनेश्वर मिश्र को श्रद्धांजलि अर्पित की और उनके आदर्शों को आत्मसात करने का संकल्प लिया।
अखिलेश ने भाजपा सरकार पर संतों का अपमान करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि भारत की धरती पर एक भी उदाहरण हो जहां पर हमारे पूजनीय शंकराचार्य जी को स्नान करने से रोका गया हो। उन्हें धरना देना पड़ा लेकिन उसके बाद भी उनकी कोई सुनवाई नहीं हुई। समाजवादियों ने बड़े पैमाने पर उनका सम्मान करने का काम किया। सपा अध्यक्ष ने कहा कि पेपर लीक नहीं होते, ये सरकार पेपर लीक करवाती है जिससे नौकरी न देना पड़े। हम लोगों ने 30 हजार से ज्यादा भर्ती केवल नाै महीने में कराकर दिखाई थी। सपा सरकार आने पर युवाओं और बेरोजगारी की समस्या को हल किया जाएगा।
अखिलेश यादव ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पर निशाना साधते हुए कहा कि जबसे पीडीए (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) से वो लोग हारे हैं तबसे पीडीए की नई-नई परिभाषा बना रहे हैं। अखिलेश यादव ने कहा कि पीडीए की नई परिभाषा देते हुए कहा कि हमारे पीडीए का मतलब पीड़ित पंडित भी है।
इससे पूर्व सर्वप्रथम सपा राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने जनेश्वर मिश्र पार्क पहुंचकर उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित की। इस दौरान बड़ी संख्या में मौजूद कार्यकर्ताओं ने उनका जोरदार स्वागत किया और 'जिंदाबाद' के नारे लगाए।
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पत्रकारिता में 17 वर्षों से अधिक का अनुभव रखने वाले शिशिर पटेल वर्तमान में ‘तरुणमित्र’ में पोर्टल इंचार्ज के रूप में कार्यरत हैं। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत ‘स्वतंत्र भारत’ से की और इसके बाद हिंदुस्तान तथा दैनिक जागरण जैसे प्रमुख समाचार पत्रों में ब्यूरो चीफ के रूप में काम किया। उत्तर प्रदेश में आधारित रहते हुए उन्हें समाचार संचालन, संपादन और डिजिटल मैनेजमेंट का व्यापक अनुभव है।
