लखीमपुर-खीरी,05 सितम्बर(तरुणमित्र)। जिले के बाढ़ प्रभावित इलाकों में आमजन को सुगमता से स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए स्वास्थ्य विभाग पूरी तरह से मुस्तैद है। आपदा की स्थिति से निपटने के लिए पहले से की गई पुख्ता तैयारियों के क्रम में, विभिन्न ब्लॉकों के अंतर्गत आने वाले बाढ़ व जलभराव क्षेत्रों में लगातार विशेष स्वास्थ्य शिविरों का आयोजन किया जा रहा है। इस दौरान मेडिकल टीमों द्वारा शिविरों के माध्यम से जरूरतमंदों का परीक्षण कर निःशुल्क औषधियों का वितरण किया जा रहा है।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. संतोष गुप्ता ने इस संबंध में बताया कि जिले में बाढ़ संभावित क्षेत्रों की संवेदनशील स्थिति को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने पहले ही पूरी रूपरेखा तैयार कर ली थी। बाढ़ आने से पहले ही पर्याप्त मात्रा में जीवन रक्षक दवाएं, क्लोरीन टैबलेट्स, ओआरएस, ओआरएस के घोल और एंटीबायोटिक्स का स्टॉक सभी संबंधित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों व प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों स्तर पर सुरक्षित कर लिया गया था, ताकि आपात स्थिति में किसी भी तरह की असुविधा न हो।
सीएमओ ने आगे बताया कि वर्तमान में नकहा, रमियाबेहड़, निघासन और कुंवरपुर (बिजुआ) समेत विभिन्न ब्लॉकों के प्रभावित गांवों व मजरे लगातार चिकित्सा टीमों की निगरानी में हैं।
रमियाबेहड़ बाढ़ प्रभावित क्षेत्र कैलाश नगर गोड़ियाना एवं बंगाली कालोनी में सीएचसी की स्वास्थ्य टीम द्वारा सक्रिय रूप से शिविर लगाकर चिकित्सीय सेवाएं प्रदान की गईं और आवश्यक दवाइयां वितरित की गईं। ब्लॉक नकहा के अंतर्गत रेहरिया गांव में निघासन के अंतर्गत आने वाले ठाकुर पुरवा व बैलहा गांव सहित बिजुआ के कुंवरपुर में विशेष स्वास्थ्य शिविर आयोजित किए गए। मेडिकल टीमों ने बाढ़ की परिस्थितियों के बीच मोर्चा संभालते हुए सुदूर इलाकों तक स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाईं और ग्रामीणों के स्वास्थ्य की जांच की।
सीएमओ ने आमजनमानस से की अपील
सीएमओ डॉ. संतोष गुप्ता ने आम जनता से अपील की है कि बाढ़ या जलभराव वाले क्षेत्रों में लोग पानी को उबालकर पिएं, स्वच्छता का विशेष ध्यान रखें और किसी भी प्रकार के लक्षण (जैसे उल्टी, दस्त, बुखार या त्वचा संबंधी समस्याएं) दिखने पर तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य शिविर या टीम से संपर्क करें। विभाग की मोबाइल मेडिकल यूनिट्स और टीमें पूरी तत्परता के साथ क्षेत्र में कार्यरत हैं।