ट्रंप का बड़ा ऐलान: ईरान के साथ सीज़फायर खत्म, बोले- अब बातचीत करना समय की बर्बादी
परमाणु कार्यक्रम पर अमेरिका का सख्त रुख
- ट्रंप ने ईरान के साथ सीज़फायर समझौते को समाप्त बताया।
- कहा- अब तेहरान के साथ बातचीत करना समय की बर्बादी है।
- अमेरिका का लक्ष्य ईरान को पूरी तरह परमाणु हथियारों से दूर रखना।
अंकारा। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने बुधवार को कहा कि ईरान के साथ टकराव रोकने के लिए किया गया सीज़फायर समझौता अब समाप्त हो चुका है और तेहरान के साथ आगे बातचीत करना समय की बर्बादी है।
तुर्किए की सरकारी संवाद समिति अनाडाेलू के मुताबिक राजधानी अंकारा में आयोजित दाे दिवसीय नाटाे शिखर सम्मेलन के दौरान ट्रंप से जब पूछा गया कि क्या ईरान के साथ समझौता खत्म हो गया है तो उन्होंने जवाब दिया, "मुझे लगता है कि यह खत्म हो गया है। मैं अब उनके साथ कोई लेन-देन नहीं करना चाहता।"
ट्रंप ने ईरानी नेतृत्व पर निशाना साधते हुए कहा कि हाल ही में व्यावसायिक जहाजों पर हुए मिसाइल हमलों के बाद अमेरिका का कूटनीतिक धैर्य समाप्त हो गया है। उन्होंने दावा किया कि अमेरिका ने जवाबी कार्रवाई में बेहद जोरदार हमला किया और अब उसका लक्ष्य ईरान को पूरी तरह परमाणु मुक्त बनाना है।
उन्होंने कहा कि यदि ईरान के पास परमाणु हथियार पहुंचे तो उसकी सरकार उनका इस्तेमाल करने से नहीं हिचकेगी। ट्रंप ने यह भी कहा कि ईरान भले बातचीत करना चाहे लेकिन फिलहाल ऐसी किसी प्रक्रिया का कोई मतलब नहीं है।
इस बीच अमेरिका ने 17 जून को हुए अंतरिम शांति समझौते के तहत ईरान को दी गई तेल निर्यात की छूट भी वापस ले ली है।
दूसरी ओर, ईरान ने दावा किया कि अमेरिका के हमलों के जवाब में उसने 85 अमेरिकी सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया। ईरानी हमलों के बाद बहरीन और कुवैत में हवाई हमलों के सायरन बजने की खबर है।
नाटो सम्मेलन में ट्रंप ने स्पेन को बताया खराब साझीदार
उधर, तुर्किए की राजधानी अंकारा में आयोजित दाे दिवसीय नाटाे शिखर सम्मेलन के दौरान ट्रंप ने स्पेन की तीखी आलोचना करते हुए उसे नाटाे का बहुत खराब साझेदार बताया।
ट्रंप ने कहा कि स्पेन रक्षा खर्च में पर्याप्त योगदान नहीं देता। उन्होंने यहां तक कहा कि वह स्पेन के साथ व्यापारिक संबंध समाप्त करना चाहते हैं ताकि उसे अमेरिकी बाजार से कम लाभ मिले।
वहीं, उन्होंने तुर्किए के राष्ट्रपति रेसेप तैयप एर्दोगन की प्रशंसा करते हुए उन्हें शानदार नेता बताया और कहा कि तुर्किए एक मजबूत सहयोगी है।
ट्रंप ने चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग का भी उल्लेख करते हुए दावा किया कि उनकी कूटनीतिक कोशिशों के कारण चीन ने संघर्ष के दौरान ईरान को सैन्य उपकरण उपलब्ध नहीं कराए।
संबंधित खबरें
लेखक के बारे में
माही खान एक उभरती हुई कंटेंट राइटर हैं और वर्तमान में ‘तरुणमित्र’ से जुड़कर डिजिटल प्लेटफॉर्म के लिए समाचार अपडेट का कार्य कर रही हैं। वह खबरों की प्रस्तुति पर विशेष ध्यान देती हैं और मीडिया क्षेत्र में सीखते हुए अपने लेखन कौशल को लगातार विकसित कर रही हैं।
