सोशल मीडिया बना आतंकियों का नया हथियार, जांच में पाकिस्तान-दुबई कनेक्शन के संकेत: दिलीप घोष
कोलकाता। पश्चिम बंगाल में एसटीएफ द्वारा जैश-ए-मोहम्मद (JeM) से जुड़े संदिग्ध आतंकी हमीम मंडल की गिरफ्तारी के बाद राज्य सरकार के मंत्री दिलीप घोष ने कहा कि सोशल मीडिया और इंटरनेट ने आतंकी नेटवर्क खड़ा करना आसान बना दिया है। उन्होंने दावा किया कि जांच में दुबई और पाकिस्तान से जुड़े कनेक्शन के संकेत भी मिले हैं।
दिलीप घोष ने कहा कि जैश-ए-मोहम्मद का मॉड्यूल कुछ समय से सक्रिय था और इसकी गतिविधियों की जानकारी पहले भी सामने आती रही है। उनके मुताबिक, गिरफ्तारियों के बाद अब जांच से यह स्पष्ट होगा कि इस नेटवर्क में और कौन-कौन शामिल है तथा इसकी जड़ें कितनी गहरी हैं। उन्होंने कहा कि इसके तार पाकिस्तान से जुड़े होने की पूरी संभावना है।
उन्होंने कहा कि डिजिटल युग में सोशल मीडिया और इंटरनेट के जरिए संपर्क बनाना बेहद आसान हो गया है। हालांकि, इन्हीं तकनीकी माध्यमों की मदद से पुलिस ने आरोपियों तक पहुंच बनाई और उन्हें गिरफ्तार किया। दुबई और पाकिस्तान से संपर्क की खबरें जांच का हिस्सा हैं और पूरी तस्वीर जांच पूरी होने के बाद ही सामने आएगी।
CAA पर क्या बोले?
दिलीप घोष ने 300 मतुआ परिवारों को नागरिकता प्रमाणपत्र दिए जाने का स्वागत करते हुए कहा कि नागरिकता संशोधन अधिनियम (CAA) का उद्देश्य बांग्लादेश, पाकिस्तान और अफगानिस्तान से धार्मिक उत्पीड़न झेलकर आए हिंदू, सिख और अन्य पात्र अल्पसंख्यकों को भारतीय नागरिकता देना है। उन्होंने कहा कि अब पश्चिम बंगाल में इस प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जा रहा है।
ममता सरकार पर आरोप
उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य में लंबे समय तक जनगणना और संबंधित प्रक्रियाओं को लागू नहीं होने दिया गया, ताकि फर्जी वोटरों को मतदाता सूची में बनाए रखा जा सके। उन्होंने दावा किया कि नई सरकार बनने के बाद पहली बैठक में ही इस दिशा में कदम उठाए गए और अब जनगणना की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है।
जंतर-मंतर प्रदर्शन और विपक्ष पर निशाना
जंतर-मंतर पर हुए प्रदर्शन का जिक्र करते हुए दिलीप घोष ने कहा कि प्रधानमंत्री के खिलाफ अभद्र भाषा का इस्तेमाल करने वालों को सार्वजनिक रूप से माफी मांगनी चाहिए। उन्होंने विपक्ष पर युवाओं और छात्रों को भड़काने का आरोप लगाते हुए कहा कि कुछ विदेशी ताकतें भी ऐसे आंदोलनों को आर्थिक मदद देती हैं।
खेलों में भारत की प्रगति की सराहना
कॉमनवेल्थ खेलों में भारत के प्रदर्शन पर उन्होंने कहा कि पिछले कुछ वर्षों में देश ने खेलों में लगातार बेहतर प्रदर्शन किया है। 'खेलो इंडिया' जैसी योजनाओं के जरिए गांवों, स्कूलों और कॉलेजों से प्रतिभाओं को पहचानकर उन्हें प्रशिक्षण दिया जा रहा है, जिसका सकारात्मक परिणाम अंतरराष्ट्रीय स्तर पर दिखाई दे रहा है।
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गर्गी विश्वकर्मा वर्तमान में ‘तरुणमित्र’ से जुड़ी हैं और डिजिटल डिप्टी चीफ कंटेंट राइटर के रूप में कार्यरत हैं। वह डिजिटल प्लेटफॉर्म के लिए स्पष्ट, तथ्यपरक और पाठक-केंद्रित कंटेंट तैयार करती हैं।
