स्कूली बच्चों की सुरक्षा केवल एक जिम्मेदारी नहीं हम सबका सामूहिक संकल्प - फरीदउद्दीन
अनफिट स्कूल वाहनों के खिलाफ हो रही है कड़ी कार्रवाई
बस्ती - सड़क सुरक्षा के प्रति परिवहन विभाग लगातार कार्यवाही कर लोगों को जागरूक कर रही है।संभागीय परिवहन अधिकारी (प्रशासन)फरीदउद्दीन ने बताया कि "मिशन सेफ फ्यूचर" अभियान मंडल में पूरी शक्ति से चलाई जा रही है, बिना फिटनेस स्कूल वाहन को विशेष ध्यान देकर कार्यवाही की जा रही है,स्कूली बच्चों की सुरक्षा केवल एक जिम्मेदारी नहीं हम सबका सामूहिक संकल्प है। विद्यालय प्रबंधन, चालक/परिचालक,एवं अभिभावक - सभी के सहजगता और सहयोग से ही बच्चों को सुरक्षित यात्रा का अधिकार मिल सकता है।
उन्होंने बताया कि स्कूली बच्चों के सुरक्षित आवाजाही सुनिश्चित करने के लिए परिवहन विभाग 11 अगस्त से 25 अगस्त तक "मिशन सेफ फ्यूचर 2.0" संचालित कर रहा है। इस 15 दिवसीय विशेष अभियान के तहत अनफिट स्कूल वाहनों के खिलाफ बस्ती मंडल में कड़ी कार्रवाई हो रही है।
उन्होंने बताया कि ऐसे विद्यालय जिनमें यदि कोई वाहन अनफिट पाई गई है उन्हें लाल सूची में डाल दिया गया है। ऐसे स्कूली वाहन जिन्हें बार बार नोटिस एवं संपर्क स्थापित करने के उपरांत भी अपनी स्कूल वाहन के फिटनेस एवं परमिट नहीं प्राप्त किया गया है ऐसी 71 वाहनों का पंजीयन निलंबित किया जा चुका है। यदि वाहन का निलंबन 6 माह तक बना रहेगा तो ऐसी वाहनों के पंजीयन निरस्तीकरण की कार्यवाही अमल में लाई जाएगी। उन्होंने कहा नागरिकों की सुविधा एवं पारदर्शी व्यवस्था के लिए सुलभ सेवाएं उत्तर प्रदेश परिवहन विभाग ने पहले से 54 सेवाएं ऑन लाइन कर दिए हैं, और अब 35+ नागरिक सेवाएं ऑटो अप्रूव मूड में उपलब्ध करा दिए गए हैं।
एआरटीओ(प्रशासन) माला बाजपेई ने बताया कि शासन द्वारा मिले निर्देशों के क्रम में स्कूली वाहनों पर कार्यवाही लगातार चल रही है, स्कूली बच्चों के सुरक्षा के प्रति लापरवाही बिल्कुल क्षम्य नहीं है, उनकी सुरक्षा की जिम्मेदारी हम सबकी है, उन्होंने बताया कि विभाग द्वारा आम जनता के सुविधा को देखते हुवे सभी कार्य ऑन लाइन ऑटो अप्रूव मूड में कर दिया गया है,अभ्यर्थी स्वयं अपने कार्य ऑन लाइन कर सुविधा ले सकती है।
सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (प्रशासन) ने बताया कि कार्यालय में बाहरी व्यक्तियों का दखल बिल्कुल वर्जित है, लाइसेंस धारक या किसी वाहन संबंधित अपना कार्य सीधे कार्यालय पटल पर स्वयं अपने कार्य ऑन लाइन कर करा सकते हैं, ड्राइविंग लाइसेंस टेस्टिंग की प्रक्रिया डीटीआई परिसर में टेस्टिंग के माध्यम से कराई जाती है, टेस्ट पास हो जाने पर एप्रूव्ड हो जाता है, टेस्टिंग कार्य प्राइवेट फर्म मारुति के वर्कर करते हैं, कार्यालय के सभी पटल लिपिक को पूर्व में आदेश दे दिया गया कि किसी भी पटल पर कार्य कराने आए अभ्यर्थियों के कार्य सुचारू रूप से निस्तारण करें,किसी प्रकार की शिकायत मिलने पर संबंधित लिपिक पर जांच कर कार्यवाही की जाएगी। कोई भी अभ्यर्थी सीधे कार्यालय के पटल पर ही संपर्क करें।
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लेखक के बारे में
पत्रकारिता में 10 वर्षों का अनुभव रखने वाले सर्वेश श्रीवास्तव उत्तर प्रदेश के बस्ती जनपद में ‘तरुणमित्र’ के ब्यूरो प्रमुख के रूप में कार्यरत हैं। क्षेत्रीय मुद्दों पर ज़मीनी पकड़ और तथ्यपरक कवरेज उनके काम की पहचान है।
