आंगनबाड़ी केंद्रों पर सीडीओ अभिषेक कुमार का छापा: तीनों कार्यकत्रियां गायब, मानदेय रोका; सेवा समाप्ति की कार्रवाई के निर्देश
सिर्फ सहायिकाओं के भरोसे चल रहे थे केंद्र,बच्चों की उपस्थिति भी मिली बेहद कम; लापरवाही पर अफसरों तक गिरी गाज,सुपरवाइजर-सीडीपीओ का रोका वेतन,डीपीओ को लगाई फटकार
लखीमपुर-खीरी,22 जुलाई(तरुणमित्र)। आंगनबाड़ी केंद्रों की हकीकत जानने निकले सीडीओ अभिषेक कुमार को बुधवार को बड़ी लापरवाही देखने को मिली। औचक निरीक्षण में तीनों केंद्रों की आंगनबाड़ी कार्यकत्रियां नदारद मिलीं, जबकि केंद्र केवल सहायिकाओं के भरोसे संचालित हो रहे थे। बच्चों की उपस्थिति भी नामांकन के मुकाबले बेहद कम पाई गई। हालात देखकर सीडीओ का पारा चढ़ गया।
सीडीओ ने तीनों अनुपस्थित आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों का तत्काल प्रभाव से मानदेय रोकने और उनके खिलाफ सेवा समाप्ति की कार्रवाई शुरू करने के निर्देश दिए। साथ ही शिथिल पर्यवेक्षण पर संबंधित सुपरवाइजर और सीडीपीओ का वेतन रोकने के निर्देश दिए और जिला कार्यक्रम अधिकारी भारत प्रसाद को भी कड़ी फटकार लगाई।
सीडीओ ने कहा कि आज के निरीक्षण में कई आंगनबाड़ी केंद्रों पर कार्यकत्रियां अनुपस्थित मिलीं, जिससे बच्चों, गर्भवती एवं धात्री महिलाओं को मिलने वाली सेवाएं प्रभावित हो रही हैं। यह स्थिति स्वीकार्य नहीं है। आंगनबाड़ी केंद्र बच्चों के पोषण और प्रारंभिक शिक्षा की मजबूत नींव हैं। इसलिए सभी कार्यकत्रियां समय पर केंद्र पर उपस्थित रहकर अपनी जिम्मेदारियों का ईमानदारी से निर्वहन करें। जहां भी लापरवाही मिलेगी, वहां संबंधित कर्मियों के साथ-साथ पर्यवेक्षण करने वाले अधिकारियों की भी जवाबदेही तय की जाएगी। औचक निरीक्षण आगे भी लगातार जारी रहेंगे।
निरीक्षण के दौरान ब्लॉक लखीमपुर के आंगनबाड़ी केंद्र बांसताली में कार्यकत्री नीलम देवी अनुपस्थित मिलीं। यहां 32 बच्चों के नामांकन के मुकाबले केवल छह बच्चे मौजूद थे। सरखनपुर प्रथम केंद्र पर कार्यकत्री सुनीता वर्मा और सरखनपुर द्वितीय केंद्र पर राजेश कुमारी भी अनुपस्थित मिलीं। दोनों केंद्रों पर भी बच्चों की उपस्थिति अपेक्षा से काफी कम रही।गौरतलब है कि कुछ दिन पहले चहलपुर आंगनबाड़ी केंद्र के निरीक्षण में भी कार्यकत्री अनुपस्थित मिली थी।
पिछले एक दशक से पत्रकारिता में सक्रिय विजय पाल खबरों की तेज़ समझ और ज़मीनी पकड़ के लिए जाने जाते हैं। रिपोर्टिंग और समाचार लेखन के क्षेत्र में उन्होंने निरंतर काम किया है। वर्तमान में वह ‘तरुणमित्र’ से जुड़े हुए हैं।