हनीमून पर वियतनाम ले जाकर हत्या की कोशिश का आरोप
विवाहिता की शिकायत पर पति समेत छह लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज
मेरठ। उत्तर प्रदेश के मेरठ जिले में दहेज उत्पीड़न और घरेलू हिंसा का एक बेहद गंभीर मामला सामने आया है। रेलवे रोड थाना क्षेत्र की रहने वाली एक विवाहिता ने अपने पति और ससुराल पक्ष के लोगों पर दहेज के लिए प्रताड़ित करने, मारपीट करने और हनीमून के बहाने वियतनाम ले जाकर हत्या का प्रयास करने जैसे सनसनीखेज आरोप लगाए हैं। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी के निर्देश पर पुलिस ने पति सहित छह लोगों के खिलाफ विभिन्न गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पुलिस के अनुसार, दिल्ली रोड स्थित देवपुरी निवासी सलोनी अरोड़ा ने शिकायत में बताया कि उसकी शादी 4 जून 2025 को देहली गेट थाना क्षेत्र के शक्तिनगर निवासी आशीष पसरीचा से हिंदू रीति-रिवाज के अनुसार हुई थी। विवाह के शुरुआती कुछ दिन सामान्य रहे, लेकिन करीब एक माह बाद ही पति, सास, ससुर और अन्य ससुराल पक्ष के लोगों ने दहेज की मांग को लेकर उसे मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित करना शुरू कर दिया। पीड़िता का आरोप है कि दहेज की मांग पूरी न होने पर उसके साथ आए दिन मारपीट की जाती थी और मानसिक रूप से परेशान किया जाता था। जब उसने इसका विरोध किया तो उसके साथ और अधिक क्रूर व्यवहार किया गया।
समझौते के दौरान भी हत्या का प्रयास करने का आरोप
सलोनी के मुताबिक, 16 अक्टूबर 2025 को उसके माता-पिता और दादा दोनों परिवारों के बीच विवाद सुलझाने के उद्देश्य से ससुराल पहुंचे थे। आरोप है कि इस दौरान ससुराल पक्ष ने उनके साथ अभद्र व्यवहार किया और उसी दौरान उसका गला दबाकर हत्या करने की कोशिश की गई। किसी तरह वह बच सकी।
हनीमून के बहाने वियतनाम ले जाकर की गई बेरहमी से मारपीट
शिकायत के अनुसार, जून 2026 में उसका पति उसे हनीमून के बहाने वियतनाम लेकर गया। वहां एक होटल में उसके साथ बेरहमी से मारपीट की गई। आरोप है कि पति ने बेल्ट से पीटा, गला दबाया और किसी भारी वस्तु से हमला किया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गई। पीड़िता का कहना है कि घटना के बाद पति उसे गंभीर हालत में होटल के कमरे में छोड़कर चला गया। काफी देर बाद होटल स्टाफ ने उसकी हालत देखी और तत्काल स्थानीय अस्पताल में भर्ती कराया, जहां उसका उपचार किया गया।
भारत लौटने के बाद भी नहीं रुकी प्रताड़ना
सलोनी का कहना है कि भारत लौटने के बाद भी उसकी तबीयत लगातार खराब रही। सांस लेने में दिक्कत होने पर 18 जून 2026 को उसने नई दिल्ली के एक अस्पताल में चिकित्सकीय जांच कराई।इसके बाद जब वह दोबारा अपने ससुराल पहुंची तो आरोप है कि उसका मोबाइल फोन छीन लिया गया और उसे कमरे में बंद कर दिया गया। किसी तरह उसने डायल-112 पर सूचना दी। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और परिजनों की मौजूदगी में उसे सुरक्षित मायके भेजा गया।
पहले भी की थी शिकायत, कार्रवाई नहीं होने का आरोप
पीड़िता का कहना है कि उसने इससे पहले भी कई बार पुलिस अधिकारियों से शिकायत की थी, लेकिन उसकी शिकायत पर कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई। इसके बाद उसने वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक से न्याय की गुहार लगाई।
एसएसपी के निर्देश पर दर्ज हुआ मुकदमा
मामले की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी अविनाश पांडे के निर्देश पर रेलवे रोड थाना पुलिस ने पति आशीष पसरीचा, सास उषा पसरीचा, ससुर सोमी पसरीचा, शालू गुप्ता और एक अन्य आरोपी के खिलाफ दहेज उत्पीड़न, मारपीट, जान से मारने के प्रयास समेत विभिन्न गंभीर धाराओं में एफआईआर दर्ज कर ली है।एसपी सिटी विनायक गोपाल भोसले ने बताया कि विवाहिता की तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। मामले की निष्पक्ष जांच की जा रही है। जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आरोपियों के खिलाफ नियमानुसार आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
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लेखक के बारे में
पत्रकारिता में 17 वर्षों से अधिक का अनुभव रखने वाले शिशिर पटेल वर्तमान में ‘तरुणमित्र’ में पोर्टल इंचार्ज के रूप में कार्यरत हैं। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत ‘स्वतंत्र भारत’ से की और इसके बाद हिंदुस्तान तथा दैनिक जागरण जैसे प्रमुख समाचार पत्रों में ब्यूरो चीफ के रूप में काम किया। उत्तर प्रदेश में आधारित रहते हुए उन्हें समाचार संचालन, संपादन और डिजिटल मैनेजमेंट का व्यापक अनुभव है।
