रोड रेज केस की एफआईआर को लेकर सुप्रीम कोर्ट पहुंचे पत्रकार उपाध्याय
रोड रेज मामले में दर्ज एफआईआर को निरस्त करने की मांग
- कल होगी सुनवाई
नई दिल्ली। राम मंदिर चढ़ावा गड़बड़ी का खुलासा करने वाले पत्रकार अभिषेक उपाध्याय ने अपने खिलाफ रोड रेज मामले में दर्ज एफआईआर को निरस्त करने की मांग एक याचिका दाखिल करके की है, जिस पर उच्चतम न्यायालय सुनवाई के लिए तैयार हो गया है। सोमवार को अभिषेक उपाध्याय की ओर से पेश वकील ने मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली बेंच के समक्ष मेंशन करते हुए जल्द सुनवाई की मांग की, जिसके बाद कोर्ट ने कल यानि 25 अगस्त को सुनवाई करने का आदेश दिया।
याचिका में अभिषेक उपाध्याय ने आरोप लगाया है कि रोड रेज संबंधी एफआईआर बदले की भावना से दर्ज की गई है। उपाध्याय ने कहा है कि चूंकि उन्होंने राम मंदिर चढ़ावा चोरी का खुलासा किया था, इसलिए उन्हें उत्तर प्रदेश प्रशासन की ओर से टारगेट किया गया है। अभिषेक उपाध्याय ने राम मंदिर चढ़ावा गड़बड़ी के अलावा उत्तरप्रदेश के एक आईएएस अधिकारी के बारे में भी खोजी रिपोर्ट प्रकाशित की थी। संबंधित आईएएस के बारे में भदोही में 2023 में 20 करोड़ रुपये के कृषि भूमि की खरीद को लेकर खबर प्रकाशित हुई थी।
रोड रेज को लेकर हालिया एफआईआर 18 अगस्त को गाजियाबाद में दर्ज कराई गई थी। एफआईआर एक दोपहिया चालक ने दर्ज कराई थी। एफआईआर में कहा गया था कि अभिषेक उपाध्याय के वाहन से उसे पीछे से धक्का मारा गया और पीड़ित दोपहिया वाहन चालक के साथ गाली-गलौच की गई थी। इस मामले में अभिषेक उपाध्याय के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता और एससी-एसटी एक्ट के तहत एफआईआर दर्ज की गई है।
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लेखक के बारे में
हर्षित साहू पिछले करीब दो वर्षों से ‘तरुणमित्र’ से जुड़े हुए हैं और बतौर कंटेंट राइटर कार्यरत हैं। वह लखनऊ में आधारित हैं और समाचार लेखन के माध्यम से समसामयिक, सामाजिक एवं स्थानीय मुद्दों से जुड़ी खबरें लिखते हैं।
