टॉप कंपनियों में शामिल सात कंपनियों के मार्केट कैप में गिरावट, रिलायंस सबसे प्रभावित
नई दिल्ली। घरेलू शेयर बाजार में पिछले कारोबारी सप्ताह के दौरान हुई खरीद-बिक्री के कारण देश की टॉप 10 मोस्ट वैल्यूड कंपनियों में शामिल सात कंपनियों के मार्केट कैप में गिरावट आ गई, जबकि तीन कंपनियों के मार्केट कैप में बढ़ोतरी हो गई। शीर्ष स्थान पर मौजूद इन दस कंपनियों में से सात के मार्केट कैप में सोमवार से शुक्रवार तक के कारोबार के बाद 1.25 लाख करोड़ रुपये से अधिक की गिरावट आ गई।
इनमें सबसे अधिक नुकसान देश में सबसे अधिक मार्केट कैप वाली कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज को हुआ, जबकि मार्केट कैप में गिरावट के मामले में दूसरा स्थान टाटा कंसलटेंसी सर्विसेज (टीसीएस) ने हासिल किया।
दूसरी ओर, टॉप 10 मोस्ट वैल्यूड कंपनियों में शामिल कंपनियों में शेष बची तीन कंपनियों के मार्केट कैप में 21 हजार करोड़ रुपये से अधिक की बढ़ोतरी हो गई। मार्केट कैप में बढ़ोतरी होने के मामले में स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (एसबीआई) सबसे आगे रही, जबकि आईसीआईसीआई बैंक दूसरे स्थान पर रही।
इस सप्ताह के कारोबार के बाद रिलायंस इंडस्ट्रीज, टाटा कंसलटेंसी सर्विसेज (टीसीएस), भारती एयरटेल, लार्सन एंड टूब्रो, भारतीय जीवन बीमा निगम (एलआईसी), बजाज फाइनेंस और हिंदुस्तान यूनिलीवर के मार्केट कैप में 1,25,670.23 करोड़ रुपये की गिरावट आ गई।
ये खबर भी पढ़े : बीएसएनएल का बढ़ा राजस्व, ईबीआईटीडीए 7,000 करोड़ रुपये के करीब, ग्रामीण कनेक्टिविटी मजबूतदूसरी ओर, स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (एसबीआई), आईसीआईसीआई बैंक और एचडीएफसी बैंक के मार्केट कैप में 21,278.42 करोड़ रुपये की बढ़ोतरी हो गई।
सोमवार से शुक्रवार के बीच हुए चार दिन के कारोबार के बाद रिलायंस इंडस्ट्रीज का मार्केट कैप 39,718 करोड़ रुपये घट कर 17,47,321.40 करोड़ रुपये के स्तर तक पहुंच गया।
ये खबर भी पढ़े : डीएफएस सचिव ने 2025-26 के लिए सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों के प्रदर्शन की समीक्षा कीइसी तरह टाटा कंसलटेंसी सर्विसेज (टीसीएस) का मार्केट कैप 20,134.66 करोड़ रुपये की गिरावट के साथ 7,95,346.09 करोड़ रुपये के स्तर पर आ गया।
इसके अलावा, भारती एयरटेल का मार्केट कैप 18,736.04 करोड़ रुपये कम होकर 10,96,150.49 करोड़ रुपये के स्तर पर, लार्सन एंड टूब्रो (एलएंडटी) का मार्केट कैप 16,880.20 करोड़ रुपये की कमजोरी के साथ 5,43,956.44 करोड़ रुपये के स्तर पर, भारतीय जीवन बीमा निगम (एलआईसी) का मार्केट कैप 14,610.74 करोड़ रुपये फिसल कर 5,05,873.32 करोड़ रुपये के स्तर पर.
बजाज फाइनेंस का मार्केट कैप 9,681.36 करोड़ रुपये की कमजोरी के साथ 5,53,580.97 करोड़ रुपये के स्तर पर और हिंदुस्तान यूनिलीवर का मार्केट कैप 5,909.23 करोड़ रुपये घट कर 4,98,301.31 करोड़ रुपये के स्तर पर आ गया।
दूसरी ओर, स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (एसबीआई) का मार्केट कैप 12,692.09 करोड़ रुपये की उछाल के साथ 9,02,523.63 करोड़ रुपये के स्तर पर आ गया। इसी तरह आईसीआईसीआई बैंक का मार्केट कैप 4,484.86 करोड़ रुपये बढ़ कर 9,05,074.77 करोड़ रुपये के स्तर पर पहुंच गया। इसके अलावा, एचडीएफसी बैंक का मार्केट कैप 4,101.47 करोड़ रुपये उछल कर 11,50,743.31 करोड़ रुपये के स्तर पर आ गया।
मार्केट कैप के लिहाज से रिलायंस इंडस्ट्रीज 17,47,321.40 करोड़ रुपये के बाजार पूंजीकरण (मार्केट कैप) के साथ देश की सबसे अधिक मार्केट कैप वाली कंपनी रही। इसके बाद एचडीएफसी बैंक (कुल मार्केट कैप 11,50,743.31 करोड़ रुपये), भारती एयरटेल (कुल मार्केट कैप 10,96,150.49 करोड़ रुपये), आईसीआईसीआई बैंक (कुल मार्केट कैप 9,05,074.77 करोड़ रुपये).
स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (कुल मार्केट कैप 9,02,523.63 करोड़ रुपये), टीसीएस (कुल मार्केट कैप 7,95,346.09 करोड़ रुपये), बजाज फाइनेंस (कुल मार्केट कैप 5,53,580.97 करोड़ रुपये), लार्सन एंड टूब्रो (कुल मार्केट कैप 5,43,956.44 करोड़ रुपये), भारतीय जीवन बीमा निगम (एलआईसी) (कुल मार्केट कैप 5,05,873.32 करोड़ रुपये) और हिंदुस्तान यूनिलीवर (कुल मार्केट कैप 4,98,301.31 करोड़ रुपये) के नाम सबसे मूल्यवान टॉप 10 कंपनियों के लिस्ट में दूसरे से दसवें स्थान पर बने रहे।
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माही खान एक उभरती हुई कंटेंट राइटर हैं और वर्तमान में ‘तरुणमित्र’ से जुड़कर डिजिटल प्लेटफॉर्म के लिए समाचार अपडेट का कार्य कर रही हैं। वह खबरों की प्रस्तुति पर विशेष ध्यान देती हैं और मीडिया क्षेत्र में सीखते हुए अपने लेखन कौशल को लगातार विकसित कर रही हैं।
