पारिवारिक विवाद से तंग आकर थाना में तैनात सिपाही ने विषाक्त पदार्थ खाया
जौनपुर। उत्तर प्रदेश में जौनपुर जिले के बरसठी थाने में तैनात एक सिपाही ने शुक्रवार को पारिवारिक विवाद के बाद विषाक्त पदार्थ का सेवन कर लिया। साथी पुलिसकर्मियों ने उसे जिला अस्पताल पहुंचाया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर हालत को देखते हुए वाराणसी रेफर कर दिया गया। परिजन वाराणसी न ले जाकर जनपद के एक निजी नर्सिंग होम में इलाज करवा रहे हैं।
मिर्जापुर निवासी सिपाही विवेक गौड़ पिछले दो वर्षों से बरसठी थाना में मुंशी के पद पर तैनात हैं। साथियाें का कहना है कि शुक्रवार विवेक अपने परिजनों से वीडियो कॉल पर बातचीत कर रहा था।कुछ देर बाद उसने विषाक्त पदार्थ का सेवन कर लिया। साथ में मौजूद एक अन्य सिपाही ने उन्हें रोकने का प्रयास किया और अधिकांश पदार्थ गिरा दिया, लेकिन बताया जा रहा है कि विवेक गौड़ ने बचा हुआ कुछ हिस्सा पी लिया।
घटना की जानकारी मिलते ही थाना परिसर में अफरा-तफरी मच गई। पुलिसकर्मियों ने तत्काल उन्हें जिला अस्पताल पहुंचाया। जिला अस्पताल के चिकित्सक डॉ. अशोक यादव ने बताया कि सिपाही को प्राथमिक उपचार देने के बाद उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए बेहतर इलाज के लिए वाराणसी रेफर कर दिया गया है। हालत ठीक नहीं है। घटना से पहले सिपाही ने अपने सोशल मीडिया स्टेटस पर एक भावनात्मक संदेश साझा किया था, जिसमें लिखा था कि "इस जीवन में कोई नहीं अपना, सब मतलब के हैं।" पुलिस मामले के सभी पहलुओं की जांच कर रही है। फिलहाल सिपाही का जौनपुर के निजी नर्सिंग होम में उपचार चल रहा है।
क्षेत्राधिकारी मड़ियाहूं विजय चौधरी ने बताया कि पत्नी से विवाद के कारण सिपाही ने विषाक्त पदार्थ का सेवन करने की बात सामने आ रही है। सिपाही का निजी नर्सिंग होम में इलाज चल रहा है। मामले की छानबीन की जा रही है। परिजनों द्वारा कोई तहरीर नहीं मिली है।
संबंधित खबरें
लेखक के बारे में
पत्रकारिता में 17 वर्षों से अधिक का अनुभव रखने वाले शिशिर पटेल वर्तमान में ‘तरुणमित्र’ में पोर्टल इंचार्ज के रूप में कार्यरत हैं। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत ‘स्वतंत्र भारत’ से की और इसके बाद हिंदुस्तान तथा दैनिक जागरण जैसे प्रमुख समाचार पत्रों में ब्यूरो चीफ के रूप में काम किया। उत्तर प्रदेश में आधारित रहते हुए उन्हें समाचार संचालन, संपादन और डिजिटल मैनेजमेंट का व्यापक अनुभव है।
