टीजीटी परीक्षा फर्जीवाड़ा: दो फर्जी अभ्यर्थी गिरफ्तार, कूटरचित दस्तावेज बरामद
लखनऊ। उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग द्वारा आयोजित टीजीटी परीक्षा में बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया है। दूसरे अभ्यर्थियों के स्थान पर बैठकर परीक्षा देने वाले दो आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। दोनों के पास से फर्जी आधार कार्ड, प्रवेश पत्र और अन्य कूटरचित दस्तावेज बरामद किए गए हैं।
पुलिस के अनुसार यह कार्रवाई डीएवी डिग्री कॉलेज, ब्लॉक A, मोतीनगर स्थित परीक्षा केंद्र से संबंधित है। प्राचार्य एवं केंद्राध्यक्ष प्रो. राजीव कुमार त्रिपाठी द्वारा दी गई तहरीर के आधार पर थाना नाका हिंडोला में मुकदमा दर्ज किया गया।मामले में दर्ज एफआईआर मु0अ0सं0-92/2026 के तहत आरोप है कि अभियुक्त रंगबहादुर यादव ने अपने साथी अवध राज यादव के नाम पर फर्जी आधार कार्ड, प्रवेश पत्र एवं अन्य दस्तावेज तैयार कर टीजीटी परीक्षा की द्वितीय पाली में परीक्षा देने की कोशिश की।
पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी रंगबहादुर यादव पुत्र स्व. कल्लू राम यादव निवासी सरायममरेज, प्रयागराज को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका था। पूछताछ में उसने अपने साथी अवध राज यादव के साथ मिलकर पूरे फर्जीवाड़े की बात स्वीकार की।इसके बाद पुलिस ने वांछित आरोपी अवध राज यादव पुत्र उमा शंकर यादव निवासी फूलपुर, प्रयागराज को मुखबिर की सूचना पर दुर्गापुरी मेट्रो स्टेशन के पास से गिरफ्तार कर लिया।
दोनों आरोपियों ने मिलकर परीक्षा में फर्जी पहचान के जरिए शामिल होने की साजिश रची थी। पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।पुलिस अधिकारियों का कहना है कि परीक्षा प्रणाली में अनुचित साधनों के प्रयोग को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और इस मामले से जुड़े अन्य संभावित लोगों की भी जांच की जा रही है।
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पत्रकारिता में 17 वर्षों से अधिक का अनुभव रखने वाले शिशिर पटेल वर्तमान में ‘तरुणमित्र’ में पोर्टल इंचार्ज के रूप में कार्यरत हैं। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत ‘स्वतंत्र भारत’ से की और इसके बाद हिंदुस्तान तथा दैनिक जागरण जैसे प्रमुख समाचार पत्रों में ब्यूरो चीफ के रूप में काम किया। उत्तर प्रदेश में आधारित रहते हुए उन्हें समाचार संचालन, संपादन और डिजिटल मैनेजमेंट का व्यापक अनुभव है।
