लखीमपुर-खीरी,20 अगस्त(तरुणमित्र)। टीबी मुक्त भारत अभियान के तहत एनसीसी व माई भारत के वॉलिंटियर सीएमओ कार्यालय सभागार में 'टीबी को जानो' संगोष्ठी के अंतर्गत प्रशिक्षित किया गया। सीएमओ डॉ. संतोष गुप्ता की अध्यक्षता मैं आयोजित संगोष्ठी में जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. प्रमोद रावत भी मौजूद रहे। वॉलंटियर्स को टीबी की रोकथाम व पहचान का प्रशिक्षण दिया गया।
सीएमओ डॉ. संतोष गुप्ता ने बताया कि शासन के निर्देशानुसार जनपद के 3 ब्लॉकों के 5 उच्च जोखिम वाले गांवों—लखीमपुर ब्लॉक के राजपुर व छाउछ, बेहजम ब्लॉक का हरैय्या तथा फूलबेहड़ ब्लॉक के श्रीनगर व महेवागंज को चिन्हित किया गया है। इन गांवों में 60 वॉलंटियर्स टीबी लक्षण वाले मरीजों की पहचान कर उनकी जांच व काउंसलिंग कराएंगे। इसके लिए 18 अगस्त से 5 दिवसीय प्रशिक्षण संचालित किया जा रहा है।
सीएमओ डॉ संतोष गुप्ता ने बताया कि 2 हफ्ते से अधिक खांसी, बुखार, वजन घटना व रात में पसीना आना टीबी के लक्षण हैं। टीबी हमारे खांसते छींकते व बोलते समय निकलने वाले ड्रॉपलेट के जरिए फैलती है। छूने से नहीं। घर में उचित वेंटिलेशन और नशा मुक्ति इसके बचाव में अहम हैं। वॉलंटियर्स मरीजों को पूरा इलाज लेने, निक्षय मित्र बनकर पोषण किट उपलब्ध कराने तथा टीबी मुक्त भारत ऐप के एआई चैटबॉट 'खुशी (ई-संगिनी)' का उपयोग करने के लिए प्रेरित करेंगे।
कार्यक्रम में माई भारत के जिला युवा अधिकारी संकल्प शुक्ला सहित जिला क्षय रोग अस्पताल से पीपीएम कोऑर्डिनेटर रंजीत कुमार, डीपीपीएमसी पंकज परमी, एसटीएलएस संजय राय एवं एसटीएस संजय त्रिपाठी उपस्थित रहे।