हरिश्चंद्र वंशीय महिला समिति सुहासिनी मनाया तीज उत्सव
लखनऊ। हरीशचंद्र वंशी महिला समिति ‘ सुहासिनी ’ की ओर रविवार को गीता भवन में तीज उत्सव का भव्य एवं हर्षोल्लास पूर्ण आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ समिति की संरक्षिका मंजू श्याम, कुशा दास एवं समिति की अध्यक्षा सीमा रस्तोगी द्वारा किया गया।
समिति की संरक्षिका मंजू श्याम ने कहा कि आज के समय में बच्चों में अच्छे संस्कार डालना पहले से कहीं अधिक आवश्यक हो गया है। उन्होंने कहा कि बदलते सामाजिक परिवेश में संयुक्त परिवार धीरे-धीरे टूटते जा रहे हैं, जिससे बच्चों को परिवार के बुजुर्गों से मिलने वाले अनुभव, संस्कार और पारिवारिक मूल्यों का लाभ कम मिल पा रहा है। उन्होंने परिवारों से आह्वान किया कि बच्चों को भारतीय संस्कृति, परंपराओं एवं नैतिक मूल्यों से जोड़ने के लिए सभी को मिलकर प्रयास करना चाहिए।
कुशा दासजी ने अपने वक्तव्य में गर्भपात (अबॉर्शन) की बढ़ती प्रवृत्ति पर भी चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि इस विषय पर समाज में संवेदनशीलता, जागरूकता और जिम्मेदारी के साथ विचार-विमर्श की आवश्यकता है। उन्होंने महिलाओं के सम्मान, मातृत्व की गरिमा तथा परिवार और समाज में जीवन के प्रति सकारात्मक दृष्टिकोण को बढ़ावा देने पर जोर दिया।
कार्यक्रम में महिलाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए विभिन्न मनोरंजक गतिविधियों का आनंद लिया। इस अवसर पर विभिन्न प्रकार के गेम्स, प्रश्नोत्तरी , तंबोला एवं अन्य मनोरंजक कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। महिलाओं ने मनमोहक नृत्य प्रस्तुतियों के माध्यम से कार्यक्रम में उत्साह और उमंग का रंग भर दिया।
तीज के पारंपरिक उल्लास एवं महिला एकता को समर्पित इस आयोजन में सभी सदस्यों ने बढ़-चढ़कर सहभागिता की। कार्यक्रम के माध्यम से भारतीय संस्कृति, पारिवारिक संस्कार, आपसी सौहार्द एवं महिला एकता का संदेश दिया गया।
कार्यक्रम के अंत में सभी उपस्थित सदस्यों के लिए जलपान की व्यवस्था की गई। सुहासनी महिला समिति द्वारा आयोजित यह तीज उत्सव आनंद, उमंग, संस्कार और सामाजिक एकजुटता का सुंदर संगम रहा।
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लेखक के बारे में
शुभम कश्यप को पत्रकारिता और मीडिया क्षेत्र में 10 वर्षों का अनुभव है। उन्होंने इलाहाबाद विश्वविद्यालय से मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है और वर्तमान में ‘तरुणमित्र’ से जुड़े हुए हैं। उनकी विशेषज्ञता चिकित्सा एवं स्वास्थ्य क्षेत्र से जुड़ी खबरों और अस्पताल आधारित रिपोर्टिंग में है, जहाँ वह विषयों को तथ्यपरक, सटीक और जिम्मेदार ढंग से प्रस्तुत करते हैं।
