राज्यपाल के पर्सनल सिक्योरिटी अफसर ने बचाई कई की जान
— मदद के लिए चिल्ला रहे छात्रों के लिए बने फरिश्ता
लखनऊ। महामहिम राज्यपाल के पर्सनल सिक्योरिटी ऑफिसर समरजीत सिंह कोचिंग सेंटर में फंसे छात्रों के लिए फरिश्ता बनकर पहुंचे । जहां पर लोग मोबाइल से वीडियो बनाने मैं व्यस्त थे वही समरजीत सिंह ने उन्होंने अपनी जान जोखिम में डालकर छह छात्रों की की जान बचाने में कामयाब हुए। गौरतलब है कि राज्यपाल जनभवन (राजभवन) मैं तैनात पर्सनल सिक्योरिटी अफसर समरजीत सिंह जन भवन से ड्यूटी करके घर वापस जा रहे थे कि रास्ते में लखनऊ के अलीगंज स्थित एक कोचिंग सेंटर में भयानक आग लगी हुई थी। वह यह देखकर वहां रुक गए और उन्होंने अपनी जान को खतरे में डालकर छ: छात्रों की जान बचाने में कामयाब भी रहे।
उन्होंने तार के जरिए नीचे गिर रहे छात्रों को सहारा दिया। वहीं दूसरी ओर पीछे से दीवार में मैन होल कर अंदर जाने की कोशिश की जा रही थी समरजीत ने उसमें भी मदद करते हुए उसके मेंन हॉल को कंप्लीट करने में मदद की और उसके बाद पानी की बौछार लेकर धीरे-धीरे अंदर तक चले गए। अगर हम यह कहें कि समरजीत सिंह उन बच्चों के लिए फरिश्ता बनकर आए । उन्होंने छ: ऐसे फंसे हुए छात्रों को बाहर निकलने में समरजीत सिंह कामयाब हुए जिनकी जान जोखिम में पड़ी हुई थी । इस संबंध में वह कहते हैं कि सोमवार को दो बजे ड्यूटी समाप्त कर घर जाते समय रास्ते में एक ऐसी घटना हुई जिसे कभी भुलाया नहीं जा सकता है अलीगंज लखनऊ में कोचिंग सेंटर में आग लग रही थी बच्चे की मदद के लिए चिल्ला रहे थे पुलिस और फायर ब्रिगेड पहुंच नहीं पाई थी लोगों का नहीं पता पर मुझे जो सही लगा मैंने किया। सुकून इस बात का है कि मेरे प्रयास से 6 लोग की जान बच गई। उनके इस कार्य की सभी लोग तारीफ कर रहे हैं क्योंकि उसे भयंकर दर्दनाक मंजर जहां आग लोगों को अपनी चपेट में ले रही थी वहां उसके पास जाने की कोई जरूरत नहीं कर पा रहा था ऐसे में उन्होंने अपनी जान को खतरे में डालकर इस साहसिक कार्य को अंजाम दिया।
संबंधित खबरें
लेखक के बारे में
शुभम कश्यप को पत्रकारिता और मीडिया क्षेत्र में 10 वर्षों का अनुभव है। उन्होंने इलाहाबाद विश्वविद्यालय से मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है और वर्तमान में ‘तरुणमित्र’ से जुड़े हुए हैं। उनकी विशेषज्ञता चिकित्सा एवं स्वास्थ्य क्षेत्र से जुड़ी खबरों और अस्पताल आधारित रिपोर्टिंग में है, जहाँ वह विषयों को तथ्यपरक, सटीक और जिम्मेदार ढंग से प्रस्तुत करते हैं।
