बांसी के रानी मोहभक्त लक्ष्मी घाट पर बाढ़ मॉकड्रिल, 50 मिनट में पहुंची रेस्क्यू टीम
आपदा में शिथिलता न बरतें, घरेलू सामान से भी बचाव संभव- जिला अधिकारी।
ऋतिक
सिद्धार्थनगर। उत्तर प्रदेश राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के निर्देश पर बुधवार को तहसील बांसी के रानी मोहभक्त लक्ष्मी घाट पर बाढ़ आपदा से निपटने के लिए संयुक्त मॉकड्रिल आयोजित की गई। जिलाधिकारी/इंसीडेंट कमांडर शिवशरणप्पा जीएन के निर्देशन में NDRF गोरखपुर, स्वास्थ्य विभाग, जिला पुलिस, पीएसी सहित सभी विभागों ने खोज, राहत व बचाव कार्य का अभ्यास किया।
50 मिनट में पहुंची पूरी टीम, डूबते व्यक्ति का किया डेमो मॉकड्रिल में सूचना दी गई कि नदी में भयंकर बाढ़ आ गई है और पानी गांव में घुस रहा है। कंट्रोल रूम को सूचना मिलते ही लगभग 50 मिनट में पूरी रेस्क्यू टीम मौके पर पहुंच गई। बाढ़ प्रभावितों को युद्धस्तर पर सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया।
कंधे पर मुंह नीचे करके लाने से पेट का पानी निकल जाता है। फिर नदी के उल्टी दिशा में लिटाकर पल्स चेक की जाती है। इसके बाद प्राथमिक उपचार का प्रदर्शन किया गया। टीम ने घरेलू संसाधनों से इम्प्रोवाइज राफ्ट बनाने का तरीका भी सिखाया।
जिलाधिकारी शिवशरणप्पा जीएन ने अभ्यास स्थल का निरीक्षण किया। उन्होंने कहा कि सिद्धार्थनगर बाढ़ की दृष्टि से संवेदनशील है। सभी विभाग पूर्ण सतर्कता से काम करें। आपदा में राहत-बचाव में कोई शिथिलता न हो और आमजन को समय पर मदद मिले।
डीएम ने बताया कि बाढ़ के दौरान पेयजल के लिए इंडिया मार्का-2 हैंडपंप व टैंकर, पशुओं के लिए चारे और सभी प्रभावितों को चिकित्सा व राहत सामग्री दी जाएगी।
मॉकड्रिल में राजस्व, पुलिस, स्वास्थ्य, अग्निशमन, सिंचाई, नगर निकाय, ग्राम्य विकास, विद्युत विभाग के साथ स्थानीय स्वयंसेवक व आपदा मित्रों ने हिस्सा लिया।
आपात स्थिति में यहां करें संपर्क
जिला आपदा कंट्रोल रूम: *0544297010, 0544297030। इस अवसर पर उपजिलाधिकारी बांसी निखिल चक्रवर्ती, क्षेत्राधिकारी बांसी, तहसीलदार बांसी, अधिशासी अभियंता ड्रेनेज खंड, NDRF टीम, आपदा मित्र व अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
लेखक के बारे में
हर्षित साहू पिछले करीब दो वर्षों से ‘तरुणमित्र’ से जुड़े हुए हैं और बतौर कंटेंट राइटर कार्यरत हैं। वह लखनऊ में आधारित हैं और समाचार लेखन के माध्यम से समसामयिक, सामाजिक एवं स्थानीय मुद्दों से जुड़ी खबरें लिखते हैं।
