कौशाम्बी में शिक्षा व्यवस्था सुधार को लेकर डीएम सख्त
जर्जर 137 विद्यालय भवनों की इस माह तक नीलामी के निर्देश, स्कूल चलो अभियान को प्रभावी बनाने पर जोर
कौशाम्बी । जिले में शिक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने और परिषदीय विद्यालयों में मूलभूत सुविधाओं को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से जिलाधिकारी डॉ. अमित पाल ने उदयन सभागार में जिला शिक्षा एवं अनुश्रवण समिति की बैठक कर अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। बैठक में शिक्षा की गुणवत्ता, विद्यालयों की सुरक्षा, साफ-सफाई और नामांकन अभियान की प्रगति की विस्तार से समीक्षा की गई।बैठक के दौरान जिलाधिकारी ने जर्जर परिषदीय विद्यालयों एवं भवनों के ध्वस्तीकरण तथा नीलामी की स्थिति की समीक्षा करते हुए जिला बेसिक शिक्षाधिकारी और जिला समन्वयक (सिविल) को निर्देशित किया कि अवशेष 137 जर्जर विद्यालय भवनों की नीलामी एवं संबंधित कार्रवाई इस माह के भीतर हर हाल में पूर्ण कराई जाए।उन्होंने जिला बेसिक शिक्षाधिकारी एवं सभी खंड शिक्षाधिकारियों को निर्देश दिए कि विद्यालयों में निपुण तालिका और कार्य पुस्तिकाओं को नियमित रूप से भरवाया जाए तथा बच्चों की शैक्षणिक गुणवत्ता में सुधार के लिए विशेष प्रयास किए जाएं। जिलाधिकारी ने कहा कि स्मार्ट क्लास की व्यवस्था केवल औपचारिकता न बनकर विद्यार्थियों की पढ़ाई में प्रभावी रूप से उपयोग होनी चाहिए।विद्यालयों की स्वच्छता व्यवस्था पर विशेष जोर देते हुए जिलाधिकारी ने जिला पंचायतराज अधिकारी को निर्देश दिए कि सफाई कर्मियों के माध्यम से विद्यालय एवं विद्यालय परिसर की नियमित और बेहतर साफ-सफाई सुनिश्चित कराई जाए।बैठक में जिलाधिकारी ने स्कूल चलो अभियान की प्रगति की समीक्षा करते हुए कहा कि अधिक से अधिक बच्चों का विद्यालयों में नामांकन कराया जाए ताकि कोई भी बच्चा शिक्षा से वंचित न रह सके। उन्होंने प्रधानाचार्यों के माध्यम से अभिभावकों को जागरूक करने तथा ब्लॉक स्तरीय टॉस्कफोर्स की बैठक नियमित रूप से आयोजित करने के निर्देश दिए। साथ ही विद्यालयों का निरीक्षण कर आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया।जिला बेसिक शिक्षाधिकारी ने बैठक में जानकारी दी कि लंबे समय से अनुपस्थित चल रहे 14 शिक्षक, शिक्षामित्र एवं अनुदेशकों की सेवाएं समाप्त कर दी गई हैं। इसके अलावा 15 शिक्षामित्रों और दो अनुदेशकों की सेवा समाप्त करने की प्रक्रिया भी चल रही है।बैठक में यह भी बताया गया कि जिले के 46 विद्यालय ऐसे हैं जहां अब भी हाईटेंशन विद्युत तार शिफ्ट कराए जाने शेष हैं। इस पर जिलाधिकारी ने अधीक्षण अभियंता विद्युत को निर्देश दिए कि बच्चों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए हाईटेंशन तारों को शीघ्र स्थानांतरित कराया जाए।बैठक में मुख्य विकास अधिकारी विनोद राम त्रिपाठी, जिला बेसिक शिक्षाधिकारी सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
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लेखक के बारे में
पिछले छह वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय रोहित तिवारी कौशांबी में आधारित हैं और क्षेत्रीय मुद्दों की कवरेज में लगातार कार्य कर रहे हैं। वर्तमान में वह ‘तरुणमित्र’ से जुड़े हुए हैं।
