बांदा की कौशल्या हत्याकांड का खुलासा: पति ने शक में रची साजिश, हरिद्वार के जंगल में की हत्या
मां का इंतजार कर रहा 5 साल का मासूम
बांदा। उत्तराखंड के हरिद्वार के जंगलों में मिले एक अज्ञात महिला के शव की गुत्थी सुलझाते हुए पुलिस ने एक दिल दहला देने वाले हत्याकांड का खुलासा किया है। जांच में सामने आया कि मृतका बांदा की रहने वाली 20 वर्षीय कौशल्या थी, जिसकी हत्या उसके दूसरे पति ने अपने बड़े भाई और बहनोई के साथ मिलकर कर दी थी। हत्या के पीछे पति का अपनी पत्नी पर किसी अन्य व्यक्ति से संबंध होने का शक बताया जा रहा है।
इस सनसनीखेज मामले में उत्तराखंड पुलिस ने बांदा और हमीरपुर में दबिश देकर तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। वहीं, इस घटना का सबसे दर्दनाक पहलू यह है कि कौशल्या का पांच वर्षीय बेटा अनीस अभी भी अपनी मां के लौटने का इंतजार कर रहा है और उसे यह नहीं पता कि उसकी मां अब इस दुनिया में नहीं रही।
हरिद्वार के जंगल में मिला था शव
पुलिस के अनुसार हरिद्वार के एक जंगल में कुछ समय पहले एक अज्ञात महिला का शव बरामद हुआ था। शव की पहचान छिपाने के लिए चेहरे पर तेजाब डाला गया था। जांच के दौरान पुलिस को कई अहम सुराग मिले, जिनके आधार पर मामला उत्तर प्रदेश के बांदा जिले तक पहुंच गया।जांच में मृतका की पहचान बांदा शहर कोतवाली क्षेत्र के ग्योड़ी बाबा गांव निवासी कौशल्या के रूप में हुई। इसके बाद पुलिस ने मामले की कड़ियां जोड़ते हुए उसके दूसरे पति ओमप्रकाश उर्फ गोविंदा, बड़े भाई राकेश और बहनोई छेदीलाल को गिरफ्तार कर लिया।
प्रेम प्रसंग के बाद हुई थी दूसरी शादी
पुलिस जांच में सामने आया कि कौशल्या पहले पप्पू नामक युवक की पत्नी थी और उसका एक पांच वर्षीय बेटा अनीस भी है। फरवरी 2026 में वह अपने रिश्तेदार ओमप्रकाश उर्फ गोविंदा के साथ चली गई थी। इस मामले में बांदा कोतवाली में शिकायत भी दर्ज कराई गई थी।
बाद में पुलिस दोनों को दिल्ली से बरामद कर बांदा लाई थी। दोनों ने साथ रहने की इच्छा जताई, जिसके बाद दोनों परिवारों के बीच समझौता हुआ और 27 फरवरी 2026 को महेश्वरी देवी मंदिर में दोनों की शादी करा दी गई। अगले दिन गोविंदा अपनी नई पत्नी कौशल्या को लेकर दिल्ली चला गया।
शक बना हत्या की वजह
पुलिस के मुताबिक शादी के कुछ समय बाद दोनों के बीच विवाद शुरू हो गया। गोविंदा को शक था कि कौशल्या किसी अन्य व्यक्ति से बातचीत करती है। इसी संदेह ने धीरे-धीरे खौफनाक रूप ले लिया।आरोप है कि गोविंदा ने अपनी पत्नी की हत्या की साजिश रची और इसमें अपने बड़े भाई राकेश तथा बहनोई छेदीलाल को शामिल कर लिया। योजना के तहत तीनों कौशल्या को घूमाने के बहाने हरिद्वार ले गए।
गला दबाकर हत्या, फिर तेजाब से जलाया चेहरा
पुलिस के अनुसार 8 मई को हरिद्वार के एक सुनसान इलाके में तीनों आरोपियों ने मिलकर कौशल्या की गला दबाकर हत्या कर दी। हत्या के बाद शव की पहचान मिटाने के लिए उसके चेहरे पर तेजाब डाल दिया गया और शव को जंगल में फेंककर फरार हो गए।जांच के दौरान गिरफ्तार आरोपियों ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया। उनकी निशानदेही और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने मुख्य आरोपी गोविंदा को हमीरपुर के मौदहा क्षेत्र से गिरफ्तार किया।
मासूम अनीस का दर्द बना चर्चा का विषय
इस हत्याकांड ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है। गांव में मातम का माहौल है, लेकिन सबसे ज्यादा दर्द कौशल्या के पांच वर्षीय बेटे अनीस की स्थिति को देखकर हो रहा है।परिजनों के अनुसार जब पुलिस गांव पहुंची तो अनीस बार-बार पूछता रहा कि उसकी मां को पुलिस क्यों पकड़कर ले गई है। वह अब भी दरवाजे की ओर टकटकी लगाए देखता रहता है और बार-बार यही सवाल करता है कि "मम्मी कब आएंगी?"गांव के लोग उसे सच्चाई बताने की हिम्मत नहीं जुटा पा रहे हैं। कोई उसे गोद में लेकर चुप कराता है तो कोई यह कहकर बहलाता है कि उसकी मां जल्द वापस आ जाएगी।
गांव में शोक, लोगों की आंखें नम
मृतका की पहली सास ने बताया कि कौशल्या मेहनती और मिलनसार स्वभाव की थी। परिवार ने उसके फैसलों का सम्मान किया था और दूसरी शादी पर भी कोई आपत्ति नहीं जताई थी। लेकिन किसी के मन में यह अंदेशा नहीं था कि उसका अंत इतनी दर्दनाक तरीके से होगा।
फिलहाल उत्तराखंड पुलिस तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है। वहीं, इस हत्याकांड ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि संदेह और अविश्वास की आग किस तरह एक परिवार को तबाह कर सकती है। एक तरफ एक महिला की जिंदगी खत्म हो गई, तो दूसरी तरफ एक मासूम बच्चा हमेशा के लिए अपनी मां के साये से वंचित हो गया।
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लेखक के बारे में
पत्रकारिता में 17 वर्षों से अधिक का अनुभव रखने वाले शिशिर पटेल वर्तमान में ‘तरुणमित्र’ में पोर्टल इंचार्ज के रूप में कार्यरत हैं। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत ‘स्वतंत्र भारत’ से की और इसके बाद हिंदुस्तान तथा दैनिक जागरण जैसे प्रमुख समाचार पत्रों में ब्यूरो चीफ के रूप में काम किया। उत्तर प्रदेश में आधारित रहते हुए उन्हें समाचार संचालन, संपादन और डिजिटल मैनेजमेंट का व्यापक अनुभव है।
