बाढ़ग्रस्त हुलासी पुरवा में लगा पशु राहत चिकित्सा शिविर, 317 पशुओं का उपचार
शहनूर अली
निघासन-खीरी 9 सितम्बर तरुणमित्र तहसील क्षेत्र में बाढ़ के चलते जहां ग्रामीणों को तमाम परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है, वहीं पशुपालकों के सामने अपने पशुओं के स्वास्थ्य को लेकर भी चिंता बनी हुई है। इसी को देखते हुए पशुपालन विभाग की ओर से बाढ़ग्रस्त दौलतापुर के मजरा हुलासी पुरवा में पशु बाढ़ राहत चिकित्सा शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में बड़ी संख्या में ग्रामीण अपने पशुओं को लेकर पहुंचे, जहां चिकित्सकीय टीम ने पशुओं का स्वास्थ्य परीक्षण कर उनका उपचार किया और आवश्यक दवाओं का वितरण किया।
पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ. सौरभ सिंघई के मार्गदर्शन में लगाए गए इस शिविर में गाय, भैंस और बकरियों सहित कुल 317 पशुओं का परीक्षण एवं उपचार किया गया। पशुओं में पाई गई विभिन्न बीमारियों के अनुसार उन्हें आवश्यक दवाएं उपलब्ध कराई गईं। बाढ़ के कारण पशुओं को होने वाली स्वास्थ्य संबंधी परेशानियों को देखते हुए पशुपालकों को भी सावधानी बरतने की सलाह दी गई।
शिविर के दौरान पशुपालकों को पशुओं को साफ-सुथरा पानी उपलब्ध कराने, चारा सुरक्षित रखने तथा बाढ़ के पानी में पशुओं को लंबे समय तक न रहने देने के संबंध में आवश्यक जानकारी दी गई। पशुओं में बीमारी के लक्षण दिखाई देने पर तत्काल पशु चिकित्सा विभाग से संपर्क करने की सलाह भी दी गई।
शिविर का संचालन बम्हनपुर पशुधन प्रसार अधिकारी मोहन सिंह राना ने किया। उनके साथ पैरावेट गजराज, ब्रजकिशोर, रोहित यादव और जितिन यादव ने भी अपनी सेवाएं दीं। टीम ने ग्रामीणों के पशुओं की जांच कर मौके पर ही उपचार और दवा उपलब्ध कराई।
बाढ़ की स्थिति के बीच गांव में पशु चिकित्सा शिविर लगाए जाने से पशुपालकों को काफी राहत मिली। ग्रामीणों ने ऐसे शिविरों से बाढ़ प्रभावित क्षेत्र में पशुओं के इलाज के लिए दूर जाने की परेशानी से राहत मिलती है।
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पिछले एक दशक से पत्रकारिता में सक्रिय विजय पाल खबरों की तेज़ समझ और ज़मीनी पकड़ के लिए जाने जाते हैं। रिपोर्टिंग और समाचार लेखन के क्षेत्र में उन्होंने निरंतर काम किया है। वर्तमान में वह ‘तरुणमित्र’ से जुड़े हुए हैं।
