भारत के सटीक अक्षांशीय मध्य बिंदु के रूप में उभरा बैतूल का बरसाली गांव
देश के केन्द्र बिन्दु पर स्थित मप्र के बैतूल का बरसाली गांव पर्यटन मानचित्र में बनेगा बड़ी पहचान
- अक्षांश गणना से सिद्ध हुआ बरसाली गांव है भारत का अक्षांशीय मध्य बिंदु
भोपाल। देश के मध्य बिंदु पर बसा मध्य प्रदेश के बैतूल जिले का छोटा सा गांव बरसाली अब देश के पर्यटन और विज्ञान मानचित्र पर एक बड़ी पहचान बनने जा रहा है। सतपुड़ा की सुंदर वादियों में बैतूल-आमला मार्ग पर लगभग 16 किलोमीटर दूर स्थित बरसाली गांव की भारत के सटीक अक्षांशीय हाफ वे या लैटीट्यूडनल हाफवे के रूप में पहचान की गई है।
मप्र की नेशनल अवार्ड प्राप्त खगोल विज्ञान प्रसारक सारिका घारू ने सोमवार को बताया कि भारत के सुदूर उत्तरी बिंदु लद्दाख का इंदिरा कोल और सुदूर दक्षिणी बिंदु ग्रेट निकोबार का इंदिरा पॉइंट के अक्षांशों का यदि बिल्कुल आधा किया जाए, तो वह सटीक गणितीय मध्य बिंदु 21 डिग्री, 55 मिनट, 05 सेकंड उत्तरी अक्षांश आता है। बरसाली गांव बिल्कुल इसी अक्षांश रेखा पर बसा हुआ है।
उन्होंने बताया कि यह वैज्ञानिक गणना प्रमाणित करती है कि बरसाली भारत का लेटिट्यूडनल हाफ वे है। इसके अतिरिक्त, पारंपरिक रूप से भी इस क्षेत्र को अखंड भारत का केंद्र माना जाता रहा है। सारिका द्वारा इस खगोलीय घटना के दो विशेष वीडियो तैयार किये गये हैं। इनमें बरसाली के खगोलीय महत्व को रेखांकित करते हुए देश-दुनिया के पर्यटकों से यहाँ आने की अपील की गई है।
बैतूल कलेक्टर डॉ. सौरभ संजय सोनवणे के मार्गदर्शन में सारिका घारू द्वारा तैयार इन दो वीडियो में बरसाली के साथ-साथ बैतूल जिले की पूरी पर्यटन क्षमता को समेटा गया है। उन्होंने कहा कि इस पहल का उद्देश्य केवल बरसाली ही नहीं, बल्कि नर्मदापुरम संभाग के बैतूल जिले के अन्य प्रमुख स्थलों को भी एक सूत्र में पिरोना है।
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लेखक के बारे में
हर्षित साहू पिछले करीब दो वर्षों से ‘तरुणमित्र’ से जुड़े हुए हैं और बतौर कंटेंट राइटर कार्यरत हैं। वह लखनऊ में आधारित हैं और समाचार लेखन के माध्यम से समसामयिक, सामाजिक एवं स्थानीय मुद्दों से जुड़ी खबरें लिखते हैं।
