छुट्टी न मिलने और मैनेजर की प्रताड़ना से परेशान महिला ने की आत्महत्या
मैसूर :कर्नाटक के मैसूर में 45 साल की एक महिला ने कथित तौर पर जहर खाकर आत्महत्या कर ली। महिला को महीनों से हफ़्ते की छुट्टी (वीकऑफ) नहीं मिल रही थी और काम पर उसे मानसिक रूप से परेशान किया जा रहा था। पुलिस ने बताया कि मृतक महिला की पहचान नागेश्वरी (जिसे राजेश्वरी भी कहा जाता था) के तौर पर हुई है, जो हिंकल की रहने वाली थीं। शुक्रवार को उसके घर से उसका शव बरामद किया गया था।
महिला के पति अशोक के मुताबिक, उन्होंने शुक्रवार दोपहर नागेश्वरी के मोबाइल पर कॉल करने की कोशिश की, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला। इसके बाद उन्हें शक हुआ और वे तुरंत घर पहुंचे, जहां उन्होंने अपनी पत्नी को ज़मीन पर पड़ा पाया। नागेश्वरी को तुरंत अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें 'ब्रॉट डेड' (अस्पताल पहुंचने से पहले ही मृत) घोषित कर दिया।
मानसिक उत्पीड़न के आरोप
बाद में पुलिस को घटनास्थल से एक सुसाइड नोट मिला। इसमें नागेश्वरी ने लिखा कि वह हिंकल के पास एक सुपरमार्केट में कई सालों से काम कर रही थी। हालांकि, आरोप है कि डॉली नाम की एक नई सुपरवाइजर उन्हें परेशान करती थी। सुसाइड नोट में मृतक ने कहा कि उसे साप्ताहिक अवकाश नहीं दी जाती थी और ऐसी गलतियां कबूल करने के लिए मजबूर किया जाता था जो उन्होंने की ही नहीं थीं।
नोट में यह भी कहा गया है कि जब वह बीमारी के कारण दो-तीन दिन काम पर नहीं जा पाईं, तो उन्हें अचानक नौकरी से निकाल दिया गया, जिससे उन्हें बहुत ज़्यादा परेशानी हुई और इसी वजह से उन्हें यह कदम उठाना पड़ा। फिलहाल पुलिस ने अब मामले की जांच शुरू कर दी है और आगे की जांच जारी है।
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सुभाष पांडेय एक सीनियर और अनुभवी पत्रकार हैं, जिन्हें मीडिया क्षेत्र में 32 वर्षों का समृद्ध अनुभव है। अपने लंबे करियर के दौरान उन्होंने समाचार लेखन, संपादन और रिपोर्टिंग के विभिन्न आयामों में कार्य करते हुए पत्रकारिता को मजबूत दिशा दी है।
