कानपुर में दर्दनाक हादसा: सात घंटे बाद बोरवेल से निकली 16 वर्षीय यशी, डॉक्टरों ने मृत घोषित किया
रक्षाबंधन के दिन आंगन की जमीन धंसने से बोरवेल में गिरी थी किशोरी
NDRF-SDRF समेत करीब 60 जवानों ने चलाया रेस्क्यू अभियान
कानपुर। उप्र के जनपद कानपुर में महाराजपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत पुरवामीर गांव में शुक्रवार सुबह आंगन की जमीन धंसने से बोरवेल में गिरी यशी सविता (16 ) को करीब सात घंटे के रेस्क्यू अभियान के बाद बाहर निकाल लिया गया लेकिन उसकी जान नहीं बच सकी। अचेत हालत में बाहर निकाली गई यशी को अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
रक्षाबंधन के दिन सुबह करीब 6:40 बजे यशी नहाने के बाद बाथरूम से बाहर निकली थी। आंगन की ओर बढ़ते ही अचानक जमीन धंस गई और वह नीचे बोरवेल में चली गई। घटना देखकर बड़ी बहन ने परिवार को जानकारी दी। परिजनों ने रस्सी डालकर उसे निकालने का प्रयास किया लेकिन इसी दौरान मिट्टी और धंसने से वह और नीचे चली गई और दिखाई देना बंद हो गई।सूचना मिलते ही पुलिस और अग्निशमन विभाग की टीम मौके पर पहुंची। इसके बाद एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की टीमें भी रेस्क्यू अभियान में जुट गईं। बोरवेल में सीधे उतरना जोखिम भरा होने के कारण बचाव दल ने उसके समानांतर खुदाई शुरू की। करीब 60 जवानों ने कई घंटे तक अभियान चलाया।
शुरुआत में जेसीबी से खुदाई की गई लेकिन मिट्टी धंसने के खतरे को देखते हुए पोकलैंड मशीन मंगाई गई। करीब 24 फीट तक खुदाई के बाद रेस्क्यू टीम यशी तक पहुंच सकी। उसे बाहर निकालने के बाद तत्काल अस्पताल भेजा गया, जहां चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया।परिजनों के मुताबिक करीब तीन साल पहले घर के अंदर बोरिंग कराई गई थी लेकिन पानी नहीं मिलने के कारण उसे बंद कर दूसरी जगह बोरिंग कराई गई थी। पुरानी बोरिंग के ऊपर फर्श बना दिया गया था। आशंका है कि लगातार बारिश के कारण जमीन कमजोर हुई और आंगन का हिस्सा अचानक धंस गया।
यशी चार बहनों और एक भाई में सबसे छोटी थी। उसके पिता विनोद मेहनत-मजदूरी करते हैं। बेटी की मौत के बाद मां रेखा देवी समेत परिवार के लोगों का रो-रोकर बुरा हाल है। घटना से गांव में भी मातम पसरा रहा।सहायक पुलिस आयुक्त चकेरी आशुतोष कुमार सिंह ने बताया कि करीब सात घंटे के रेस्क्यू अभियान के बाद बालिका को बाहर निकाला गया। अस्पताल में डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। अग्रिम विधिक कार्रवाई की जा रही है।
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लेखक के बारे में
पत्रकारिता में 17 वर्षों से अधिक का अनुभव रखने वाले शिशिर पटेल वर्तमान में ‘तरुणमित्र’ में पोर्टल इंचार्ज के रूप में कार्यरत हैं। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत ‘स्वतंत्र भारत’ से की और इसके बाद हिंदुस्तान तथा दैनिक जागरण जैसे प्रमुख समाचार पत्रों में ब्यूरो चीफ के रूप में काम किया। उत्तर प्रदेश में आधारित रहते हुए उन्हें समाचार संचालन, संपादन और डिजिटल मैनेजमेंट का व्यापक अनुभव है।
