स्वस्थ समाज के लिए जागरूकता और नियमित स्वास्थ्य जांच जरूरी: कुलपति प्रो. विनय कुमार पाठक
कानपुर। स्वस्थ समाज के निर्माण के लिए लोगों में स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता और नियमित स्वास्थ्य परीक्षण की आदत विकसित करना आवश्यक है। विश्वविद्यालय इसी उद्देश्य से समाज के बीच पहुंचकर स्वास्थ्य सेवाओं और जनजागरूकता कार्यक्रमों का संचालन कर रहा है। यह बातें रविवार को छत्रपति शाहू जी महाराज विश्वविद्यालय (सीएसजेएमयू) के कुलपति प्रो. विनय कुमार पाठक ने कहीं।
छत्रपति शाहू जी महाराज विश्वविद्यालय के स्कूल ऑफ हेल्थ साइंसेस विभाग की ओर से रविवार को कल्याणपुर स्थित रतन आर्बिट, मुखर्जी विहार में स्वास्थ्य शिविर का शुभारंभ किया गया। शिविर का आयोजन राज्यपाल एवं कुलाधिपति आनंदीबेन पटेल की प्रेरणा तथा कुलपति प्रो. विनय कुमार पाठक के मार्गदर्शन में किया गया। इसका उद्देश्य स्थानीय लोगों को स्वास्थ्य परीक्षण की सुविधा उपलब्ध कराने के साथ-साथ विभिन्न बीमारियों के प्रति जागरूक करना रहा।
ये खबर भी पढ़े : आम आदमी पार्टी ने किया केन्द्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेन्द्र प्रधान के त्यागपत्र की मांगः राष्ट्रपति को भेजा 4 सूत्रीय ज्ञापनशिविर का संचालन स्कूल ऑफ हेल्थ साइंसेस के निदेशक डॉ. मुनीश रस्तोगी के नेतृत्व में किया गया। इसमें बुजुर्गों, महिलाओं, पुरुषों और बच्चों के लिए फिजियोथेरेपी परीक्षण, नेत्र परीक्षण, रक्तचाप परीक्षण तथा पोषण संबंधी मूल्यांकन की व्यवस्था की गई। विशेषज्ञों ने प्रतिभागियों की लंबाई और वजन का मापन कर उनके पोषण स्तर का भी आकलन किया।
शिविर में विशेष रूप से बुजुर्गों के स्वास्थ्य पर ध्यान केंद्रित किया गया। उनका रक्तचाप और शारीरिक परीक्षण कर उन्हें उम्र बढ़ने के साथ होने वाले शारीरिक परिवर्तनों, नियमित व्यायाम तथा संतुलित जीवनशैली के बारे में जानकारी दी गई। चिकित्सकों ने उन्हें स्वास्थ्य संबंधी आवश्यक सावधानियां अपनाने की भी सलाह दी।
बच्चों और बुजुर्गों के नेत्र परीक्षण के दौरान निकट एवं दूर दृष्टि की जांच कर आवश्यकता के अनुसार चश्मे की पावर निर्धारित की गई। इसके अलावा रंग पहचानने की क्षमता (वर्णान्धता) की भी जांच की गई। विशेषज्ञों ने लोगों को बताया कि मधुमेह और उच्च रक्तचाप जैसी बीमारियों का आंखों पर भी प्रभाव पड़ सकता है, इसलिए समय-समय पर नेत्र परीक्षण कराना आवश्यक है।
शिविर में उपस्थित लोगों को संतुलित आहार, नियमित व्यायाम, स्वच्छ जीवनशैली और विभिन्न रोगों की रोकथाम के उपायों की जानकारी भी दी गई। विश्वविद्यालय की ओर से बताया गया कि ऐसे जनजागरूकता एवं स्वास्थ्य सेवा कार्यक्रम आगे भी विभिन्न क्षेत्रों में आयोजित किए जाएंगे, ताकि अधिक से अधिक लोगों को प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ मिल सके।
लेखक के बारे में
पत्रकारिता में 17 वर्षों से अधिक का अनुभव रखने वाले शिशिर पटेल वर्तमान में ‘तरुणमित्र’ में पोर्टल इंचार्ज के रूप में कार्यरत हैं। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत ‘स्वतंत्र भारत’ से की और इसके बाद हिंदुस्तान तथा दैनिक जागरण जैसे प्रमुख समाचार पत्रों में ब्यूरो चीफ के रूप में काम किया। उत्तर प्रदेश में आधारित रहते हुए उन्हें समाचार संचालन, संपादन और डिजिटल मैनेजमेंट का व्यापक अनुभव है।
