महाराष्ट्र में नशे के खिलाफ फडणवीस सरकार का बड़ा एक्शन
4 महीने में 1626 आरोपी गिरफ्तार, 254 करोड़ रुपये से अधिक के मादक पदार्थ जब्त!
By Rajesh Jaiswal
मुंबई। देशभर में नशे के कारोबार और मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ राज्य सरकारों और केंद्रीय एजेंसियों ने 'जीरो टॉलरेंस' की नीति अपनाते हुए बड़े सख्त कदम उठाए हैं। इसी कड़ी में महाराष्ट्र सरकार ने राज्य में मादक पदार्थों की तस्करी और नशे के कारोबार के खिलाफ चलाये गए विशेष अभियान के तहत 4 महीने में 1,142 मामले दर्ज किए गए हैं, जिनमें 1,626 आरोपी गिरफ्तार हुए हैं और 254 करोड़ रुपये से अधिक के मादक पदार्थ जब्त किए गए हैं।
मंगलवार को मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने विधानसभा में खुद इसकी जानकारी देते हुए बताया कि जनवरी से अप्रैल 2026 के बीच एनडीपीएस कानून के तहत 1,142 मामले दर्ज किए गए हैं। इन मामलों में 1,626 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है और करीब 254.53 करोड़ रुपये मूल्य के मादक पदार्थ जब्त किए गए हैं।
सीएम फडणवीस ने बताया कि इसी अवधि में नशीले पदार्थों के सेवन से संबंधित 3,199 मामले भी दर्ज किए गए हैं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार मादक पदार्थों के खिलाफ बड़े स्तर पर कार्रवाई कर रही है और इसके लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। पुलिस और जांच एजेंसियां ड्रग्स नेटवर्क की जड़ों तक पहुंचने का प्रयास कर रही हैं ताकि तस्करी में शामिल लोगों पर प्रभावी कार्रवाई की जा सके।
मुख्यमंत्री ने बताया कि कार्रवाई के तहत विदेश में छिपे ड्रग तस्कर सलीम डोला को भारत लाया गया है। सलीम डोला द्वारा देशभर में फैलाए गए लगभग 4,000 किलोग्राम एमडी ड्रग्स के नेटवर्क का भंडाफोड़ किया गया है। इस अभियान के दौरान बड़ी मात्रा में मादक पदार्थ भी जब्त किए गए हैं।
ये खबर भी पढ़े : नीट-यूजी 2026 पुनर्परीक्षा से पहले बड़ी गड़बड़ी, नागपुर के छात्र का परीक्षा केंद्र पहुंचा अबू धाबीहर पुलिस थाने में स्थापित होगा एंटी-नारकोटिक्स स्क्वाड
सीएम फडणवीस ने कहा कि मादक पदार्थों के खिलाफ कार्रवाई को और प्रभावी बनाने के लिए राज्य के प्रत्येक पुलिस थाने में एंटी-नारकोटिक्स स्क्वाड स्थापित किया जा रहा है। इन विशेष पथकों में सक्षम और अनुभवी अधिकारियों की नियुक्ति करने का प्रयास किया जा रहा है ताकि ड्रग्स के खिलाफ अभियान को और मजबूत बनाया जा सके। इस काम में लगे अधिकारियों को विशेष सुविधाएं और प्रोत्साहन दिए जाएंगे। साथ ही, इस विभाग में उत्कृष्ट कार्य करने वाले अधिकारियों को उनकी पसंद के अनुसार, अगली नियुक्ति देने पर भी विचार किया जाएगा। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार का लक्ष्य मादक पदार्थों के नेटवर्क को पूरी तरह खत्म करना और युवाओं को नशे की गिरफ्त से बचाना है।
संबंधित खबरें
लेखक के बारे में
राजेश जायसवाल को पत्रकारिता क्षेत्र में 25 वर्षों का अनुभव है। अपने लंबे करियर में उन्होंने समाचार लेखन और रिपोर्टिंग के विभिन्न दायित्व निभाए हैं। वर्तमान में वह ‘तरुणमित्र’ में कार्यरत हैं।
