हरी सब्जियां खाने के हैं शौकीन,घर पर कैसे उगाएं लौकी?
घर पर कैसे उगाएं लौकी?: आजकल मार्केट में मिलने वाली ज्यादातर हरी सब्जियों में धड़ल्ले से केमिकल और कीटनाशकों का इस्तेमाल हो रहा है. जो हमारी सेहत को फायदे की जगह नुकसान पहुंचा रहे हैं. ऐसे में अगर आप भी हरी और ताजी सब्जियां खाने के शौकीन हैं. तो बाजार के भरोसे बैठने के बजाय अपनी खुद की छत का इस्तेमाल कर सकते हैं.
जी हां आप अपने घर की छत पर ही एकदम शुद्ध और केमिकल फ्री लौकी बेहद आसानी से उगा सकते हैं. लौकी एक ऐसी हरी सब्जी है जिसे बहुत ज्यादा तामझाम की जरूरत नहीं होती और यह कम जगह में भी बंपर फल देती है. अपनी छत पर गार्डनिंग करने का मजा ही कुछ और है. क्योंकि इससे आपको बिना किसी मिलावट के एकदम ताजी और पौष्टिक लौकी खाने को मिलती है.
ऐसे करें छत पर लौकी उगाने की शुरूआत
छत पर लौकी का पौधा लगाने के लिए सबसे पहले आपको सही साइज के गमले या ग्रो बैग का चुनाव करना होगा. लौकी की जड़ें काफी फैलती हैं. इसलिए कम से कम 15 से 18 इंच का बड़ा गमला या ग्रो बैग लें. अब बारी आती है मिट्टी तैयार करने की जो इस पूरी प्रोसेस का सबसे जरूरी हिस्सा है.
ऐसे तैयार करें
मिट्टी
इसके लिए आप नॉर्मल मिट्टी में 40 फीसदी गोबर की अच्छी सड़ी हुई खाद या वर्मीकंपोस्ट मिलाएं. तो साथ ही मिट्टी को हल्का और न्यूट्रिशन से भरपूर बनाने के लिए उसमें थोड़ी सी कोकोपीट और नीम खली भी मिक्स कर लें. इस मिक्सचर को गमले में भरकर अच्छी क्वालिटी के हाइब्रिड लौकी के बीज करीब एक इंच की गहराई में लगा दें और हल्का पानी दें.
मचान का तरीका
लौकी एक बेल वाली फसल है. इसलिए जब इसका पौधा थोड़ा बड़ा होने लगे. तो इसे ऊपर चढ़ाने के लिए रस्सी या लकड़ी की मदद से एक मजबूत मचान बना दें. लौकी के पौधे को दिनभर में कम से कम 5 से 6 घंटे की अच्छी धूप मिलनी जरूरी है. इसमें पानी तभी डालें जब मिट्टी की ऊपरी परत सूखी दिखे, क्योंकि ज्यादा पानी से जड़ें खराब हो सकती हैं.
3G कटिंग का कमाल
अगर आप कम समय में ढेर सारी लौकियां पाना चाहते हैं. तो पौधे में 3G कटिंग का तरीका अपनाएं. जब मुख्य बेल 7-8 फीट लंबी हो जाए. तो उसके आगे का सिरा काट दें. इससे साइड से नई शाखाएं निकलेंगी जिनमें मेल फ्लावर्स की जगह फीमेल फ्लावर्स ज्यादा आएंगे और आपकी बेल लौकियों से लद जाएगी
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लेखक के बारे में
सुभाष पांडेय एक सीनियर और अनुभवी पत्रकार हैं, जिन्हें मीडिया क्षेत्र में 32 वर्षों का समृद्ध अनुभव है। अपने लंबे करियर के दौरान उन्होंने समाचार लेखन, संपादन और रिपोर्टिंग के विभिन्न आयामों में कार्य करते हुए पत्रकारिता को मजबूत दिशा दी है।
