मां और पिता का मर्डर करने के लिए AI से पूछे सवाल, घटना को दिया अंजाम
नई दिल्ली। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) आजकल लोगों की रोजमर्रा की जिंदगी का हिस्सा बन गया है। लेकिन इसका इस्तेमाल सिर्फ जानकारी पाने या नई चीजें सीखने के लिए ही नहीं बल्कि मर्डर करने के लिए भी किया जा रहा है। हाल ही में हुए ट्रिपल मर्डर केस की जांच में पता चला कि मुख्य आरोपी ने हत्याओं को अंजाम देने के लिए एक AI चैटबॉट की मदद ली थी। लाइव मिंंट की रिपोर्ट के अनुसार, जब बेंगलुरु पुलिस ने एक AI टूल कंपनी से एक व्यक्ति और उनके टूल के बीच हुई बातचीत की हिस्ट्री मांगी तब सच्चाई सामने आई। असल में मुख्य आरोपी पिछले लगभग छह महीनों से एआई चैटबॉट के साथ मिलकर इसकी योजना बना रहा था।
क्या है मामला?
दरअसल, 22 जून को के.आर. पुरम पुलिस स्टेशन के इलाके में आने वाले सीगेहल्ली के एक अपार्टमेंट में ट्रिपल मर्डर को अंजाम दिया गया है। इसमें 52 साल के सोमसुंदर, 48 साल की उनकी पत्नी मुथुलक्ष्मी और 19 साल की छोटी बेटी सुप्रिया की चाकू मारकर हत्या कर दी गई थी।
रिपोर्ट के अनुसार, पुलिस ने बताया कि हत्याओं के कुछ दिनों बाद मारे गए दंपत्ति की बड़ी बेटी श्वेता और उसके लिव-इन पार्टनर केनेथ को पुडुचेरी से अलग-अलग गिरफ्तार किया गया। वे अपराध करने के बाद वहां भाग गए थे और गिरफ्तारी से बचने के लिए वहीं छिपे हुए थे।
जांच से पता चला कि इन हत्याओं के पीछे का मकसद पैसों का झगड़ा और परिवार में खराब रिश्ते थे। श्वेता की मां का रवैया हर रीज को कंट्रोल करना था, जो उन्हें पसंद नहीं था।
पुलिस के मुताबिक, श्वेता ने केनेथ के क्लाउड किचन बिजनेस को शुरू करने के लिए अपनी मां मुथुलक्ष्मी से 50 लाख रुपये उधार लिए थे। पैसे खर्च हो चुके थे और उसे चिंता थी कि उन्हें कैसे लौटाया जाएगा।
AI से पूछा सब कुछ
पुलिस के एक सीनियर अधिकारी ने बताया कि भले ही केनेथ और श्वेता ने मिलकर काम किया, लेकिन हत्याओं की पूरी प्लानिंग और उन्हें अंजाम देने का काम केनेथ ने किया। उसने हर कदम पर AI चैटबॉट से सलाह ली। जैसे कि हत्या कैसे की जाए, लाशों को कैसे ठिकाने लगाया जाए, खून के धब्बे कैसे हटाए जाएं और क्या क्लाउड किचन बिजनेस के लिए बनाई गई भट्टी का इस्तेमाल लाशों को जलाने के लिए किया जा सकता है।
3 महीने तक AI के साथ मिलकर प्लानिंग
पूछताछ के दौरान, केनेथ ने पुलिस के सामने कबूल किया कि एक मामूली सी बात की वजह से उसने श्वेता के परिवार वालों को खत्म करने का फैसला किया। अधिकारी ने बताया कि उसने यह भी माना कि छह महीनों के दौरान हत्या की योजना बनाने के उसने AI से गाइडेंस ली।
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