शासन का बड़ा एक्शन: पशुपालन विभाग के अपर निदेशक डॉ. अनिल कुमार निलंबित
लाल-नीली बत्ती के दुरुपयोग, अवैध धन उगाही व अनियमितताओं के आरोप में कार्रवाई, गोरखपुर मंडल किए गए संबद्ध
उन्नाव। उत्तर प्रदेश शासन ने पशुपालन विभाग के अपर निदेशक ग्रेड-2, प्रयागराज मंडल डॉ. अनिल कुमार को गंभीर आरोपों के चलते तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। शासन द्वारा जारी कार्यालय ज्ञापन के अनुसार डॉ. अनिल कुमार पर शासकीय आदेशों की अवहेलना, कर्मचारियों के नियम विरुद्ध स्थानांतरण, सरकारी वाहन पर अनधिकृत रूप से लाल-नीली बत्ती का प्रयोग, कर्मचारियों एवं गौशालाओं से अवैध धन उगाही तथा मानसिक उत्पीड़न जैसे आरोप लगाए गए हैं।
शासन के अनुसार वर्ष 2025-26 में डॉ. अनिल कुमार द्वारा विभिन्न पदों पर तैनाती के दौरान मानव संपदा पोर्टल पर स्वयं की प्री-फिक्सिंग न कर शासनादेशों का उल्लंघन किया गया। इस मामले में उनके विरुद्ध पहले से ही अनुशासनिक कार्यवाही संचालित की जा रही है।
कार्यालय ज्ञापन में यह भी उल्लेख किया गया है कि डॉ. अनिल कुमार पर सदर पशु चिकित्सालय प्रयागराज के पशु ऑपरेशन थिएटर में स्वयं का कार्यालय संचालित करने, बहुउद्देशीय सरकारी वाहन संख्या UP70AG2200 का अनधिकृत उपयोग करने तथा अन्य गंभीर आरोप लगाए गए हैं।
इन आरोपों को गंभीर मानते हुए शासन ने उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित कर मंडलायुक्त कार्यालय, गोरखपुर मंडल, गोरखपुर से संबद्ध कर दिया है।
निलंबन अवधि में मिलेगा जीवन निर्वाह भत्ता
शासनादेश के अनुसार निलंबन अवधि में डॉ. अनिल कुमार को वित्तीय नियमों के तहत जीवन निर्वाह भत्ता देय होगा। साथ ही उन्हें यह प्रमाणित करना होगा कि वे किसी अन्य सेवा, व्यवसाय या रोजगार में संलग्न नहीं हैं, तभी उक्त भुगतान किया जाएगा।
यह आदेश अपर मुख्य सचिव मुकेश कुमार मेश्राम के निर्देश पर जारी किया गया है। शासन के इस कदम को पशुपालन विभाग में जवाबदेही और अनुशासन सुनिश्चित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कार्रवाई माना जा रहा है।
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पत्रकारिता में छह वर्षों का अनुभव रखने वाले मनीष तिवारी वर्तमान में ‘तरुणमित्र’ के उन्नाव ब्यूरो चीफ के रूप में कार्यरत हैं। उन्नाव में आधारित रहते हुए वह क्षेत्रीय मुद्दों पर ज़मीनी रिपोर्टिंग और सटीक कवरेज करते हैं।
