पति की मौत के बाद बेबसी का दर्द: पोस्टमार्टम के इंतजार के बाद शव वाहन चालक पर 5 हजार वसूलने का आरोप
कानपुर। पश्चिम बंगाल से अपने पति का शव लेने कानपुर पहुंची एक महिला को दुख की घड़ी में कथित आर्थिक शोषण का भी सामना करना पड़ा। पति की मौत के सदमे से जूझ रही महिला ने आरोप लगाया कि पोस्टमार्टम में घंटों इंतजार कराने के बाद शव वाहन चालक ने अंतिम संस्कार के नाम पर उससे पांच हजार रुपये वसूल लिए।
दक्षिण दिनाजपुर (पश्चिम बंगाल) के लालपुर त्रिमोहिनी निवासी बच्चू दास (35) दिल्ली में एक निजी कंपनी में कार्यरत थे। परिजनों के अनुसार, बृहस्पतिवार को पश्चिम बंगाल से दिल्ली जाते समय कानपुर के दादानगर रेलवे क्रॉसिंग के पास ट्रेन से गिरने के कारण उनकी मौत हो गई थी।
घटना की सूचना मिलने पर उनकी पत्नी रीता अपने बेटे रेयांश और बेटी नाव्या के साथ शुक्रवार सुबह कानपुर पहुंचीं। महिला का आरोप है कि जीआरपी द्वारा सभी आवश्यक औपचारिकताएं पूरी किए जाने के बावजूद पोस्टमार्टम हाउस में उन्हें करीब पांच घंटे तक इंतजार करना पड़ा। इस दौरान दोनों छोटे बच्चे भी मां के साथ परेशान होते रहे।
ये खबर भी पढ़े : कान्हा गौशाला की बदहाली पर गौसेवक का बड़ा आरोप, सीवीओ को शिकायत के बाद भी नहीं हुआ सुधाररीता ने आरोप लगाया कि पोस्टमार्टम के बाद पोस्टमार्टम हाउस के बाहर मौजूद एक शव वाहन चालक ने भैरव घाट तक शव ले जाने और मशीन से अंतिम संस्कार कराने के नाम पर उनसे 5 हजार रुपये वसूल लिए। उनका कहना है कि सामान्य परिस्थितियों में इस पूरी प्रक्रिया का खर्च काफी कम होता है, लेकिन उनकी मजबूरी का फायदा उठाकर अधिक रकम ली गई।
पति को खोने के दर्द से टूटी रीता ने कहा कि कानपुर में उन्हें जिस तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ा, उसने उनके दुख को और बढ़ा दिया। उन्होंने भावुक होकर कहा कि "पति की मौत का गम तो था ही, लेकिन यहां जो व्यवहार मिला उसने मन को और आहत कर दिया। अब मैं कभी इस शहर में नहीं लौटूंगी।"
इस घटना ने पोस्टमार्टम हाउस और अंतिम संस्कार सेवाओं से जुड़े लोगों की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। यदि महिला के आरोप सही पाए जाते हैं तो यह दुख की घड़ी में लोगों की मजबूरी का फायदा उठाने का गंभीर मामला माना जाएगा।
लेखक के बारे में
पत्रकारिता में 17 वर्षों से अधिक का अनुभव रखने वाले शिशिर पटेल वर्तमान में ‘तरुणमित्र’ में पोर्टल इंचार्ज के रूप में कार्यरत हैं। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत ‘स्वतंत्र भारत’ से की और इसके बाद हिंदुस्तान तथा दैनिक जागरण जैसे प्रमुख समाचार पत्रों में ब्यूरो चीफ के रूप में काम किया। उत्तर प्रदेश में आधारित रहते हुए उन्हें समाचार संचालन, संपादन और डिजिटल मैनेजमेंट का व्यापक अनुभव है।
