ग्राम प्रधान के बेटे से मारपीट का मामलाः घटना कैमरे में कैद, डीआईजी ,एसपी से न्याय की गुहार
आरोपियों की गिरफ्तारी और नाम बढ़ाने की मांग
बस्ती - पुरानी बस्ती थाना क्षेत्र के सोनहटी बुजुर्ग गांव में ग्राम प्रधान के बेटे के साथ कथित मारपीट का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। पीड़ित पक्ष ने डीआईजी और पुलिस अधीक्षक से शिकायत कर आरोप लगाया है कि मुकदमा दर्ज होने के बावजूद अब तक आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हुई है। पुलिस पर कई आरोपियों के नाम मुकदमे से हटाने का भी आरोप लगाया गया है।
पीड़ित गुलाम हुसैन ने डीआईजी, एस.पी. को दिये पत्र में कहा है कि गत 4 जुलाई को उनके पुत्र सद्दाम हुसैन पर गांव के कुछ लोगों ने कथित रूप से लाठी-डंडों और लोहे की रॉड से हमला कर दिया। इस दौरान उनके दूसरे पुत्र अफजल हुसैन और अन्य परिजनों के साथ भी मारपीट की गई। पीड़ित का दावा है कि पूरी घटना मोबाइल फोन में रिकॉर्ड हुई है और उसका वीडियो पुलिस को उपलब्ध कराया गया है। शिकायतकर्ता का आरोप है कि गंभीर चोटों के बावजूद पुलिस ने मामले में हल्की धाराओं में मुकदमा दर्ज किया। उनका कहना है कि घटना में शामिल कई आरोपियों के नाम भी मुकदमे से हटा दिए गए हैं, जबकि उनके खिलाफ पर्याप्त साक्ष्य मौजूद हैं। पीड़ित ने मांग की है कि सभी नामजद आरोपियों गांव के ही सलाहुद्दीन, शहाबुद्दीन उर्फ ऐनुद्दीन पुत्रगण जलालुद्दीन, जमाल अहमद पुत्र याकूब, अब्दुल्लाह पुत्र अली हुसन के साथ ही अन्य 5 के नाम मुकदमे में शामिल कर निष्पक्ष जांच कराई जाए। पीड़ित ने यह भी आरोप लगाया कि आरोपी लगातार मुकदमा वापस लेने का दबाव बना रहे हैं और उन्हें तथा उनके परिवार को जान से मारने की धमकियां दे रहे हैं। उन्होंने कहा कि यदि उनके या उनके परिवार के किसी सदस्य के साथ कोई अप्रिय घटना होती है तो इसकी पूरी जिम्मेदारी संबंधित आरोपियों की होगी। पीड़ित ने डीआईजी और पुलिस अधीक्षक से मामले की निष्पक्ष जांच कराते हुए सभी आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी तथा मुकदमे में छूटे हुए आरोपियों के नाम जोड़ने की मांग की है।
संबंधित खबरें
लेखक के बारे में
पत्रकारिता में 10 वर्षों का अनुभव रखने वाले सर्वेश श्रीवास्तव उत्तर प्रदेश के बस्ती जनपद में ‘तरुणमित्र’ के ब्यूरो प्रमुख के रूप में कार्यरत हैं। क्षेत्रीय मुद्दों पर ज़मीनी पकड़ और तथ्यपरक कवरेज उनके काम की पहचान है।
