इन फसलों की खेती, हर महीने होगा तगड़ा मुनाफा

Published By Subhash Pandey
On
Subhash Pandey Picture

मशरूम : आज के समय में सिर्फ नौकरी पर निर्भर रहना अब लोगों को सही नहीं लगता है. इसी वजह से लोग छोटे-छोटे बिजनेस या साइड इनकम के तरीके ढूंढ रहे हैं, हालांकि जब खेती की बात आती है, तो बहुत से लोग पीछे हट जाते हैं. उन्हें लगता है कि खेती के लिए बड़ी जमीन, ज्यादा पैसा और कड़ी मेहनत की जरूरत होती है, लेकिन आज के दौर में ऐसी कई खेती हैं, जिन्हें आप बहुत कम जगह और कम लागत में शुरू कर सकते हैं. इनमें से एक बेहतरीन ऑप्शन मशरूम की खेती है. जिसे सिर्फ 5000 हजार रुपये से शुरू कर सकते हैं, इसे आप अपने घर के एक कमरे में भी आसानी से शुरू कर सकते हैं और अच्छी कमाई कर सकते हैं. 

मशरूम की खेती कितना फायदा?

कैसे की जाती है अफीम की खेती? ये खबर भी पढ़े : कैसे की जाती है अफीम की खेती?

मशरूम की खेती के लिए आपको खेत की जरूरत नहीं होती है. आप इसे घर के अंदर, किसी खाली कमरे में या एक छोटी सी झोपड़ी बनाकर भी कर सकते हैं. इसकी सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसे सिर्फ लगभग 5000 रुपये में शुरू किया जा सकता है.आजकल बाजार में मशरूम की मांग तेजी से बढ़ रही है, क्योंकि लोग इसे स्वास्थ्य के लिए अच्छा मानते हैं. ऐसे में अगर आप सही तरीके से इसकी खेती करते हैं, तो यह एक शानदार कमाई का जरिया बन सकता है. 

घर पर ही मिलेगा एकदम ताजा कद्दू ये खबर भी पढ़े : घर पर ही मिलेगा एकदम ताजा कद्दू

कैसे की जाती है मशरूम की खेती?

गर्मी में पौधों को पानी कब देना चाहिए?  ये खबर भी पढ़े : गर्मी में पौधों को पानी कब देना चाहिए? 

मशरूम उगाने के लिए सबसे पहले गेहूं या चावल के भूसे से कंपोस्ट खाद तैयार की जाती है. इस प्रक्रिया में लगभग एक महीना लग जाता है. इसके बाद इस कंपोस्ट को जमीन या ट्रे पर 6-8 इंच मोटी परत में फैलाया जाता है और उसमें मशरूम के बीज (स्पॉन) डाले जाते हैं फिर इसे ढक दिया जाता है. इसके बाद करीब 40 से 50 दिनों में मशरूम तैयार हो जाता है और आप इसे बाजार में बेच सकते हैं. 

मशरूम की खेती के लिए सही समय क्या?

मशरूम की खेती के लिए अक्टूबर से मार्च का समय सबसे अच्छा माना जाता है. इस दौरान तापमान 15 से 22 डिग्री सेल्सियस के बीच होना चाहिए. इसके साथ ही नमी (ह्यूमिडिटी) 80-90 प्रतिशत के आसपास होनी जरूरी है. अगर तापमान ज्यादा हो जाए, तो फसल खराब होने का खतरा रहता है, इसलिए इसकी खेती में थोड़ी सावधानी जरूरी होती है. 

कमाई कितनी हो सकती है?

मशरूम की खेती में लागत कम और मुनाफा ज्यादा होता है. अगर आप सही तरीके से काम करते हैं, तो निवेश का कई गुना तक लाभ मिल सकता है. ताजा मशरूम बाजार में अच्छे दाम पर बिकता है, इसलिए जैसे ही फसल तैयार हो, उसे तुरंत बेच देना चाहिए. मांग ज्यादा होने के कारण इससे हर महीने अच्छी कमाई की जा सकती है. 

सिर्फ 5000 हजार रुपये से शुरू कर सकते हैं ये खेती

अगर आप  सिर्फ 5000 हजार रुपये से खेती शुरू करना चहाते हैं, तो मशरूम के अलावा भी कुछ ऑप्शन हैं. जैसे कलौंजी की खेती, इसकी खेती कम पानी में होती है और लागत भी कम आती है. 4-5 महीने में फसल तैयार हो जाती है और अच्छा मुनाफा देती है. इसके अलावा लिप्टिस की खेती, इसमें शुरुआत में कम खर्च आता है और लंबे समय में बड़ी कमाई का मौका मिलता है. इसके साथ दूसरी फसलें भी उगाई जा सकती हैं. 

 

संबंधित खबरें

लेखक के बारे में

Subhash Pandey Picture

सुभाष पांडेय एक सीनियर और अनुभवी पत्रकार हैं, जिन्हें मीडिया क्षेत्र में 32 वर्षों का समृद्ध अनुभव है। अपने लंबे करियर के दौरान उन्होंने समाचार लेखन, संपादन और रिपोर्टिंग के विभिन्न आयामों में कार्य करते हुए पत्रकारिता को मजबूत दिशा दी है।

नवीनतम

अभिनेता राम चरण की फिल्म 'पेड्डी' ने छठे दिन कमाए 9.65 करोड़ रूपये

मुंबई। अभिनेता राम चरण की स्पोर्ट्स एक्शन-ड्रामा फिल्म 'पेड्डी' बॉक्स ऑफिस पर लगातार कमाई कर रही है। बुची बाबू सना...
मनोरंजन  महाराष्ट्र 
अभिनेता राम चरण की फिल्म 'पेड्डी' ने छठे दिन कमाए 9.65 करोड़ रूपये

फतेहाबाद के हिसार रोड स्थित शटरिंग की दुकान में भीषण आग, लाखों का सामान खाक

फतेहाबाद। फतेहाबाद के हिसार रोड स्थित नई सब्जी मंडी के सामने ओम टिंबर शटरिंग दुकान में बुधवार सुबह अचानक भीषण...
हरियाणा 
फतेहाबाद के हिसार रोड स्थित शटरिंग की दुकान में भीषण आग, लाखों का सामान खाक

मणिपुर में सुरक्षा बलों ने दो उग्रवादियों को गिरफ्तार किया , हथियार और गोला-बारूद बरामद

इंफाल । मणिपुर में सुरक्षा बलों द्वारा उग्रवादियों के खिलाफ अभियान लगातार जारी है। इसी क्रम में चंदेल जिले में...
राज्य 
मणिपुर में सुरक्षा बलों ने दो उग्रवादियों को गिरफ्तार किया , हथियार और गोला-बारूद बरामद

लम्बी अवधि के इलाज के लिए होम्योपैथी कारगर: डॉ रवींद्र मोहन कौशल 

-कई बीमारियों के लिए ऑपरेशन हल नहीं  
राज्य  उत्तर प्रदेश 
लम्बी अवधि के इलाज के लिए होम्योपैथी कारगर: डॉ रवींद्र मोहन कौशल 

उत्तर प्रदेश

लम्बी अवधि के इलाज के लिए होम्योपैथी कारगर: डॉ रवींद्र मोहन कौशल 

-कई बीमारियों के लिए ऑपरेशन हल नहीं  
राज्य  उत्तर प्रदेश 
लम्बी अवधि के इलाज के लिए होम्योपैथी कारगर: डॉ रवींद्र मोहन कौशल 

नेहरू का रिकॉर्ड तोड़ते हुए मोदी ने कीर्तिमान स्थापित किया : केशव प्रसाद मौर्य

लखनऊ । भारत के लोकतंत्र के इतिहास में सर्वाधिक समय तक लगातार चुने हुए प्रधानमंत्री के तौर पर देश की...
उत्तर प्रदेश 
नेहरू का रिकॉर्ड तोड़ते हुए मोदी ने कीर्तिमान स्थापित किया : केशव प्रसाद मौर्य

बागपत में टेंट व्यापारी और बेटे की हत्या, बदले की आग में हिस्ट्रीशीटर ढेर, बाजार बंद कर व्यापारियों का हंगामा

बागपत। उत्तर प्रदेश के बागपत जिले के बड़ौत क्षेत्र में मंगलवार शाम दिल्ली बस स्टैंड के पास उस समय...
राष्ट्रीय  राज्य  उत्तर प्रदेश 
बागपत में टेंट व्यापारी और बेटे की हत्या, बदले की आग में हिस्ट्रीशीटर ढेर, बाजार बंद कर व्यापारियों का हंगामा