स्वास्थ्य विभाग द्वारा विशेषज्ञ चिकित्सकों के बड़े पैमाने पर स्थानांतरण
नैनीताल:उत्तराखंड उच्च न्यायालय ने स्वास्थ्य विभाग द्वारा विशेषज्ञ चिकित्सकों के बड़े पैमाने पर किए गए तबादलों पर संज्ञान लिया है। कोर्ट ने इससे राज्य की स्वास्थ्य सेवाओं पर पड़ने वाले प्रभाव को गंभीरता से लेते हुए सरकार से स्थिति स्पष्ट करने को कहा है।
उत्तराखंड उच्च न्यायालय ने प्रदेश में स्वास्थ्य विभाग की ओर से बड़े पैमाने पर विशेषज्ञ चिकित्सकों-चिकित्सकों के स्थानांतरण से स्वास्थ्य सेवाओं प्रभावित होने के मामले में दायर याचिका पर सुनवाई के बाद सरकार को स्थिति स्पष्ट करने के निर्देश दिए हैं। कोर्ट ने मामले की अगली सुनवाई के लिए तीन जुलाई की तिथि नियत की है।
वरिष्ठ न्यायमूर्ति मनोज कुमार तिवारी एवं न्यायमूर्ति पंकज पुरोहित की खंडपीठ के समक्ष मामले की सुनवाई हुई। मामले के अनुसार राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से नैनीताल सहित प्रदेश में स्वास्थ्य सुविधाओं की बदहाली को लेकर जनहित याचिका दायर की थी। यह मामला कोर्ट में विचाराधीन है। गुरुवार को राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से हाईकोर्ट में हस्तक्षेप प्रार्थना पत्र दाखिल किया। प्राधिकरण की ओर से कोर्ट को बताया कि चिकित्सकों के स्थानांतरण से स्वास्थ्य सेवाएं चरमराने का अंदेशा है।
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सुभाष पांडेय एक सीनियर और अनुभवी पत्रकार हैं, जिन्हें मीडिया क्षेत्र में 32 वर्षों का समृद्ध अनुभव है। अपने लंबे करियर के दौरान उन्होंने समाचार लेखन, संपादन और रिपोर्टिंग के विभिन्न आयामों में कार्य करते हुए पत्रकारिता को मजबूत दिशा दी है।
