एक अक्टूबर से ओवरलोड स्कूली वाहनों पर होगी कार्रवाई
बदायूं। जिलाधिकारी अवनीश राय की अध्यक्षता में सोमवार को कलेक्ट्रेट सभागार में जिला विद्यालय परिवहन सुरक्षा समिति की बैठक हुई। बैठक में स्कूली वाहनों की फिटनेस, क्षमता, सुरक्षा मानकों और विद्यार्थियों के सुरक्षित आवागमन की समीक्षा की गई।
जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि एक अक्टूबर से निर्धारित क्षमता से अधिक बच्चों को ले जाने वाले स्कूली वाहनों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। वाहन स्वामी के साथ संबंधित विद्यालय के विरुद्ध भी नियमानुसार कार्रवाई होगी। उन्होंने विद्यालय प्रबंधन को प्रत्येक वाहन में निर्धारित संख्या में ही विद्यार्थियों को बैठाने और इसका प्रमाण पत्र जिला विद्यालय निरीक्षक को उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि स्कूल बस और वैन की फिटनेस, परमिट, बीमा, प्रदूषण प्रमाण-पत्र और चालक के लाइसेंस की वैधता सुनिश्चित की जाए। वाहनों में प्राथमिक उपचार किट, अग्निशमन यंत्र, आपातकालीन निकास और सीट बेल्ट सहित आवश्यक सुरक्षा उपकरण उपलब्ध रहें। चालक-परिचालक निर्धारित वर्दी में रहें तथा उनके चरित्र प्रमाण-पत्र भी लिए जाएं।
डीएम ने विद्यालयों के आसपास स्पीड ब्रेकर, जेब्रा क्रॉसिंग, चेतावनी संकेतक व नो-पार्किंग व्यवस्था सुनिश्चित करने तथा विद्यालय परिवहन सुरक्षा समिति का गठन कराने के निर्देश दिए। विद्यार्थियों को यातायात नियमों और सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूक करने के साथ स्कूल डायरी में 18 वर्ष से कम आयु के बच्चों को वाहन न चलाने का संदेश अंकित कराने को कहा। उन्होंने कहा कि बच्चों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और विद्यालयीन वाहनों के संचालन में लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। बैठक में एडीएम प्रशासन मानवेंद्र सिंह, एआरटीओ हरिओम गौतम, बीएसए, डीआईओएस, यातायात पुलिस सहित विभिन्न विद्यालयों के प्रधानाचार्य, प्रबंधक एवं संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।
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पत्रकारिता में 10 वर्षों का अनुभव रखने वाले शारिक नसीर वर्तमान में ‘तरुणमित्र’ के बदायूं ब्यूरो चीफ के रूप में कार्यरत हैं। क्षेत्रीय मुद्दों पर ज़मीनी पकड़ और तथ्यपरक कवरेज के साथ वह लगातार रिपोर्टिंग कर रहे हैं।
