गुरु पूर्णिमा पर प्रेरक सामूहिक परिचर्चा
लखनऊ। भातखण्डे संस्कृति विश्वविद्यालय में आयोजित “ दीक्षारम्भ–2026 ” कार्यक्रम के अंतर्गत गुरु पूर्णिमा के पावन अवसर पर बुधवार को विश्वविद्यालय के कला मंडल सभागार में प्रेरक सामूहिक परिचर्चा का आयोजन हुआ।
इस दौरान मुख्य अतिथि प्रख्यात कथक नृत्यांगना प्रो.कुमकुम धर उपस्थित रहीं। कार्यक्रम का शुभारम्भ विभागाध्यक्ष , गायन प्रो. सृष्टि माथुर द्वारा प्रो. कुमकुम धर को पुष्प भेंट कर किया गया। प्रो. कुमकुम धर ने गुरु-शिष्य परम्परा के महत्व को प्रेरणादायी प्रसंगों के माध्यम से विद्यार्थियों को जीवन एवं करियर की दिशा निर्धारित करने, लक्ष्य तय करने तथा निरंतर प्रयासरत रहने के प्रभावी सूत्र प्रदान किए। प्रो. सृष्टि माथुर ने कहा कि नियमित अभ्यास, अनुशासन एवं पूर्ण समर्पण के साथ गुरु के मार्गदर्शन का अनुसरण करने से निश्चित ही व्यक्तित्व में सकारात्मक परिवर्तन आता है। उन्होंने विद्यार्थियों को संस्था का नाम गौरवान्वित करने के लिए प्रेरित किया। विभागाध्यक्ष ,तालवाद्य डॉ. मनोज कुमार मिश्र ने विद्यार्थियों को कहा कि अनुशासन एवं नवाचार के बारे में बताया। उन्होंने साहित्यिक अध्ययन के महत्व पर बल देते हुए कहा कि एक सजग विद्यार्थी के लिए सीखने की प्रक्रिया निरंतर एवं व्यापक होनी चाहिए।
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शुभम कश्यप को पत्रकारिता और मीडिया क्षेत्र में 10 वर्षों का अनुभव है। उन्होंने इलाहाबाद विश्वविद्यालय से मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है और वर्तमान में ‘तरुणमित्र’ से जुड़े हुए हैं। उनकी विशेषज्ञता चिकित्सा एवं स्वास्थ्य क्षेत्र से जुड़ी खबरों और अस्पताल आधारित रिपोर्टिंग में है, जहाँ वह विषयों को तथ्यपरक, सटीक और जिम्मेदार ढंग से प्रस्तुत करते हैं।
