हिमाचल मंत्रिमंडल बैठक: मानसून सत्र की तारीखों समेत कई प्रस्तावों पर लग सकती है मुहर
वित्त विभाग प्रदेश की आर्थिक स्थिति की रिपोर्ट पेश करेगा
शिमला। हिमाचल प्रदेश मंत्रिमंडल की एक अहम बैठक सोमवार को मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू की अध्यक्षता में शिमला में होगी। बैठक में 50 से अधिक एजेंडा आइटम पर चर्चा होने की संभावना है।
विधानसभा के मानसून सत्र की तारीखों के एलान, प्रदेश की वित्तीय स्थिति की समीक्षा, सरकारी भर्तियों और बागवानों से जुड़े कई अहम मामलों पर सरकार फैसला ले सकती है।
बैठक में अगस्त में प्रस्तावित विधानसभा के आगामी मानसून सत्र की तारीखें तय करने का प्रस्ताव भी रखा जाएगा। सरकार इसी बैठक में सत्र की अवधि और संभावित कार्यक्रम पर अंतिम निर्णय ले सकती है।
मंत्रिमंडल की बैठक में नए पदों पर भर्ती से जुड़े प्रस्तावों पर भी विचार होने की उम्मीद है। इसके साथ ही सेब और अन्य फलों के न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमआईएस) में बढ़ोतरी का मामला भी कैबिनेट के एजेंडे में शामिल है। सेब सीजन शुरू होने के बीच यह फैसला प्रदेश के बागवानों के लिए अहम माना जा रहा है।
मुख्यमंत्री की प्राथमिक स्वीकृति मिलने के बाद बागवानी विभाग ने मंडी मध्यस्थता योजना (मार्केट इंटरवेंशन स्कीम) के नए नियम तैयार किए हैं।
ये खबर भी पढ़े : वीबी-जी-राम-जी योजना हिमाचल के हित में नहीं, केंद्र से उठाएंगे मामला: मुख्यमंत्री सुक्खूइन्हें मंजूरी के लिए मंत्रिमंडल के सामने रखा जाएगा। यदि कैबिनेट इन प्रस्तावों को मंजूरी देती है तो संशोधित नियम और नई एमआईएस दरें लागू करने की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी।
बैठक में बजट में घोषित एक कल्याणकारी योजना को लागू करने के लिए भी मंत्रिमंडल की मंजूरी ली जाएगी। सरकार योजना को लागू करने के लिए जरूरी औपचारिकताएं पूरी करने पर फैसला कर सकती है।
इस दौरान वित्त विभाग प्रदेश की मौजूदा आर्थिक स्थिति पर विस्तृत रिपोर्ट भी मंत्रिमंडल के सामने पेश करेगा। सरकार राजस्व, खर्च और वित्तीय संसाधनों की स्थिति की समीक्षा करेगी। इसके आधार पर आने वाले समय की वित्तीय प्राथमिकताओं और खर्च से जुड़े मुद्दों पर भी चर्चा होने की संभावना है।
लेखक के बारे में
माही खान एक उभरती हुई कंटेंट राइटर हैं और वर्तमान में ‘तरुणमित्र’ से जुड़कर डिजिटल प्लेटफॉर्म के लिए समाचार अपडेट का कार्य कर रही हैं। वह खबरों की प्रस्तुति पर विशेष ध्यान देती हैं और मीडिया क्षेत्र में सीखते हुए अपने लेखन कौशल को लगातार विकसित कर रही हैं।
