रक्षा मंत्री से मिले नए सेना प्रमुख, सेना के आधुनिकीकरण व राष्ट्रीय सुरक्षा पर चर्चा
एआई, स्वदेशी हथियार और संयुक्त सैन्य क्षमता बढ़ाने पर रहेगा विशेष फोकस
नई दिल्ली। भारतीय थलसेना के नए प्रमुख जनरल धीरज सेठ ने गुरुवार को नई दिल्ली स्थित रक्षा मंत्रालय में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह से शिष्टाचार भेंट की। थलसेना प्रमुख का पदभार संभालने के बाद रक्षा मंत्री के साथ उनकी यह पहली औपचारिक मुलाकात थी। इस दौरान रक्षा मंत्री ने उन्हें नई जिम्मेदारी के लिए शुभकामनाएं देते हुए भारतीय सेना के आधुनिकीकरण और राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े मुद्दों पर चर्चा की।
सूत्रों के अनुसार बैठक में सेना की परिचालन तैयारियों, सीमाओं की सुरक्षा, आधुनिक युद्धक तकनीकों के उपयोग, स्वदेशी रक्षा प्रणालियों को बढ़ावा तथा भविष्य की सुरक्षा चुनौतियों से निपटने की रणनीति पर विचार-विमर्श हुआ। यह बैठक ऐसे समय में हुई है, जब भारत बदलते वैश्विक सुरक्षा परिदृश्य के अनुरूप अपनी सैन्य क्षमताओं को तेजी से मजबूत करने में जुटा है।
ये खबर भी पढ़े : मौलाना सैयद सलमान हुसैनी नदवी का निधन, इंडियन मुस्लिम्स फॉर सिविल राइट्स ने जताया शोक हाल ही में सेना प्रमुख का कार्यभार संभालने वाले जनरल धीरज सेठ ने अपना विजन 'विजय' प्रस्तुत किया है। इसके तहत भारतीय सेना को अत्याधुनिक तकनीक से लैस, भविष्य की चुनौतियों के अनुरूप सक्षम और बहु-क्षेत्रीय युद्ध संचालन में अधिक प्रभावी बनाने का लक्ष्य रखा गया है। उन्होंने सेना में कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) आधारित क्षमताओं का विस्तार, स्वदेशी रक्षा उद्योग को प्रोत्साहन, आत्मनिर्भरता को बढ़ावा तथा तीनों सेनाओं के बीच संयुक्तता मजबूत करने को अपनी प्रमुख प्राथमिकताओं में शामिल किया है।
जनरल धीरज सेठ ने 30 जून को भारतीय सेना के 31वें थलसेना प्रमुख के रूप में पदभार ग्रहण किया था। इससे पहले वे सेना के उप प्रमुख के रूप में कार्यरत थे और रेगिस्तानी इलाकों से लेकर जम्मू-कश्मीर में आतंकवाद विरोधी अभियानों तक महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां निभा चुके हैं। पदभार ग्रहण करते समय उन्होंने 'कर्तव्य, सम्मान और राष्ट्र सर्वोपरि' के सिद्धांतों के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराते हुए सेना को नई ऊंचाइयों तक ले जाने का संकल्प व्यक्त किया।
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लेखक के बारे में
हर्षित साहू पिछले करीब दो वर्षों से ‘तरुणमित्र’ से जुड़े हुए हैं और बतौर कंटेंट राइटर कार्यरत हैं। वह लखनऊ में आधारित हैं और समाचार लेखन के माध्यम से समसामयिक, सामाजिक एवं स्थानीय मुद्दों से जुड़ी खबरें लिखते हैं।
