लखनऊ। केजीएमयू के ट्रामा सेंटर में दो दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया।शुक्रवार को क्रिटिकल केयर मेडिसिन विभाग में शत चिकित्सा शिक्षा के अन्तर्गत आईसीयू एवं आपातकालीन स्थिति में ध्यान देने योग्य बातों को आदान प्रदान करने के विषय पर दो दिवसीय कार्यशाला का शुरुआत की गई।
जिसमें प्रदेश स्तर के करीब 97 चिकित्सकों ने प्रतिभाग किया। वहीं मुख्य चिकित्सा अधीक्षक प्रो बीके ओझा, प्रो. अनित परिहार, विभागाध्यक्ष रेडियोडॉयग्नोसिस विभाग, प्रो. विवेक कुमार, विभागाध्यक्ष क्रिटिकल केयर मेडिसिन विभाग, प्रो.अविनाश अग्रवाल, विभागाध्यक्ष क्रिटिकल केयर मेडिसिन विभाग द्वारा द्वीप प्रज्वलित कर शुभारंभ किया गया।
कार्यशाला के दौरान चरणबद्ध तरीके से प्रतिभागियों को अलग-अलग चार पाँच टीमों में विभाजित कर व्याख्यान एवं प्रायोगिक दोनों तरह से प्रशिक्षण प्रदान किया गया। प्रथम चरण में डा. अनिल रावत द्वारा बेसिक ऑफ अल्ट्रासाउंड फिजिक्स केनोबोलॉजी एंड इमेज एक्यूजीशन फॉर इंटेंसिविस्ट विषय पर प्रो. विवेक कुमार मेडिकल कालेज मुम्बई द्वारा असेसमेंट ऑफ लेफ्ट वेंट्रिकल पर डा. साई सरन द्वारा असेसमेंट ऑफ राइट वेंट्रीकल पर प्रो.अविनाश अग्रवाल, विभागाध्यक्ष क्रिटिकल केयर मेडिसिन विभाग द्वारा एप्रोच टू शॉक इन आईसीयू विषय पर व्याख्यन एवं प्रयोगिक प्रशिक्षण प्रदान किया गया।
दूसरे चरण में प्रो. विवेक कुमार, डा. एसएस नाथ, डा.सुहैल सरवार सिद्दकी, डा. नितिन राय द्वारा कार्यशाला के प्रतिभागियों को बेसिक ऑफ 2डी इको फॉर इंटेंसिविस्ट विषय पर तथा प्रो अविनाश अग्रवाल, डा साई सरन, डा.सौमित्र मिश्रा, तथा डा. जितेन्द्र चहर द्वारा एप्रोच टू शॉक विषय पर चरणबद्ध तरीके से प्रशिक्षण प्रदान किया गया। प्रथम दिन के अन्तिम चरण अर्थात् तिसरे चरण में डा. विवेक कुमार, डा. इन्दुबाला मौर्या, डा. सौमित्र मिश्रा, डा. मुस्ताहसिन द्वारा वासुकुलर असेसमेंट इन आईसीयू विषय पर प्रतिभागियों को प्रशिक्षण प्रदान किया गया। वहीं ज्ञात हो कि इस इस कार्यशाला करने उद्देश्य चिकित्सा स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने के किया गया।इसमें प्रदेश स्तर के चिकित्सकों को प्रशिक्षित किया गया।