भारत और चीन के बीच विवाद खत्म होने का नाम नहीं ले रहा…

डोकलाम विवाद के बाद से ही भारत और चीन के बीच रिश्तों में खटास चल रही है अभी पिछले माह नवंबर में ही चीन और भारत के अधिकारियों ने बीजिंग में भारत-चीन मामलों पर परामर्श व समन्वय कार्यतंत्र (डब्ल्यूएमसीसी) के 10वें चरण में सीमा से संबंधित मुद्दों पर चर्चा की थी विदेश मंत्रालय ने एक बयान में बताया कि दोनों देशों ने भारत-चीन सीमा के सभी पक्षों की स्थितियों की समीक्षा की और द्विपक्षीय संबंधों में सुधार के लिए सीमा क्षेत्र पर शांति बनाए रखने पर सहमत हुए। भारत और चीन के बीच विवाद खत्म होने का नाम नहीं ले रहा है गुरुवार को चीन की ओर से दावा किया गया है कि भारत का एक ड्रोन (UAV) उसके एयरस्पेस में घुस गया है इस पर चीन ने घोर आपत्ति जताई है बता दें कि ये मामला तब सामने आया है जब 11 दिसंबर को चीन के विदेश मंत्री वांग यी भारत दौरे पर आने वाले हैं।

चीन के वेस्टर्न कमांड ज्वाइंट स्टाफ डिपार्टमेंट के डिप्टी हेड झांग शुइली का कहना है कि भारतीय यूएवी ने हाल ही में चीन के एयरस्पेस में घुसपैठ की है चीन बॉर्डर पर तैनात चीनी सैनिकों ने इस बात की पुष्टि की है उन्होंने कहा कि भारत के इस कदम ने चीन की सुरक्षा संप्रभुता का उल्लंघन किया है हम इसका विरोध करते हैं हम चीन की संप्रभुता को सुरक्षित करने के लिए हर कदम उठाएंगे।

चीन लगातार भारत पर तमतमाता रहता है कुछ समय पहले राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद के अरुणाचल दौरे से चीन ने आपत्ति जताई थी चीन के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता लू कांग ने कहा था कि भारत को मौजूदा हालात को देखते हुए इससे बचना चाहिए चीन ने भारत को नसीहत देते हुए कहा है कि ऐसे वक्त में जब दोनों देशों के रिश्ते बेहद संवेदनशील दौर से गुजर रहे हैं भारत को इसका ध्यान रखना चाहिए।

 

उधर चीन लगातार पाकिस्तान के समर्थन में आवाज उठाता रहा है चीन PoK में CPEC का निर्माण कर रहा है इसका भारत लंबे समय से विरोध कर रहा है। भारत का कहना है कि PoK भारत का अभिन्न हिस्सा है जिस पर पाकिस्तान ने अवैध कब्ज कर रखा है भारत का कहना है कि चीन की ओर से PoK में CPEC का निर्माण करना उसकी संप्रभुता का उल्लंघन है इसी के चलते भारत ने चीन में आयोजित OBOR समिट का भी बहिष्कार किया था।

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